वाराणसी। डीरेका के आवासीय कालोनियों में इन दिनों मच्छरों का प्रकोप जारी है। इसके चलते कर्मचारी और उनके परिजनों की रातों की नींद हराम हो गई है। इतना ही नहीं मच्छरों के काटने से कई परिवार मच्छर जनित बीमारियों से पीड़ित हैं। डीरेका कर्मियों का कहना है कि कई कॉलोनियों में गंदगी और सही ढंग से साफ सफाई न होने के चलते मच्छरों का प्रकोप बढ़ा है।
कुछ दिन पहले बड़ी संख्या में लोग डेंगू से पीड़ित थे। बावजूद इसके डीरेका प्रशासन इसको लेकर गंभीर नहीं हुआ। मौसम बदला डेंगू का आतंक तो कम हुआ पर मलेरिया सहित अन्य मच्छर जनित बीमारी से लोग परेशान हैं। इस बारे में जब डीरेका कर्मियों से बात की गई तो उन्होंने बताया कि पिछले कई हफ्तों से कॉलोनी में फॉगिंग मशीन दिखी ही नहीं है। इसके चलते मच्छरों की तादाद दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है।
जानकारी के अनुसार डीरेका में काफी पेड़-पौधे, कुंड और सरोवर हैं जिनके चलते मच्छर पनपते हैं । वहीं चोक नालियां इसको और भी गंभीर बना रहीं हैं। आवासीय फ्लैटों के पीछे की नालियां अक्सर चोक कर जाती है। स्थानीय अधिकारी आंख मूंदे बैठे हैं। डीरेका कर्मियों में इसको लेकर आक्रोश व्याप्त है। ठंड के मौसम में जब पंखा, कूलर नहीं चल रहा है तो रात में मच्छरों से आम आदमी परेशान है। लोगों की नींद नहीं पूरी हो रही है और सुबह ड्यूटी में दिक्कत पेश आ रही है।