वैलेंटाइन्स डे पर पुलिस की मेहरबानी से प्यार के परिंदों को तोहफा मिल गया। सोरांव में घर से भागे युवक-युवती को लेकर थाने में घंटों पंचायत चली। घरवाले तैयार नहीं थे लेकिन सोरांव पुलिस ने उन्हें मना लिया। अंत में सभी मान गए और प्रेमी-प्रेमिका एक साथ रहने को चले गए।
सोरांव थाना क्षेत्र के टिकरी गांव की रहने वाली सुनीता अपनी बेटी की शादी के लिए परेशान थी। माली हालत ठीक न होने से मामला दहेज को लेकर अटक जा रहा था। तकरीबन तीन माह पहले बेटी राधा की आंखें ननिहाल बरामऊ के गोपी से चार हो गईं। राधा ने मां से गोपी के बारे में बताया तो वह नाराज हो गई। परिजनों की दयनीय आर्थिक स्थिति को देखते हुए राधा ने गोपी से भागकर शादी का फैसला कर लिया।
गोपी और राधा बुधवार की शाम घर छोड़कर चले गए। राधा की मां सुनीता ने सोरांव थाने में गोपी के खिलाफ तहरीर दे दी। गुरुवार को पुलिस ने गोपी के घरवालों को बुलाया। जानकारी होने पर गोपी और राधा खुद से थाने पहुंच गए। वहां राधा और गोपी ने शादी न होने पर आत्महत्या की चेतावनी दे दी। पुलिस ने राधा के घरवालों की दयनीय स्थित का हवाला देते हुए गोपी के घरवालों से मदद की बात की।
घंटों चली पंचायत के बाद गोपी के घरवाले राधा को बहू बनाने के लिए तैयार हो गए। हालांकि लड़का मायके का होने की वजह से सुनीता तैयार नहीं हो रही थी लेकिन बेटी के आंसू देखकर उसका दिल भी पिघल गया। एसओ संजय शर्मा ने बताया कि दोनों के परिजन शादी के लिए राजी हो गए हैं। ऐसे में कोई कार्रवाई नहीं की गई।