फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कुलदीप सेंगर प्रकरण: रायबरेली हादसे में कोर्ट की टिप्पणी से सेंगर खेमे को राहत, पढ़ें पूरी खबर

Sun, 01 Aug 2021 11:40 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उन्नाव

सार

रायबरेली के गुरुबक्शगंज के पास कार को एक ट्रक ने टक्कर मार दी थी। हादसे में पीड़िता की चाची और मौसी की मौत हो गई थी। गंभीर रूप से घायल पीड़िता के वकील की इलाज के दौरान कई महीने बाद मौत हो गई थी।
विज्ञापन
उन्नाव कुलदीप सेंगर प्रकरण - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

रायबरेली हादसे में घायल हुई दुष्कर्म पीड़िता व वकील समेत दो की मौत के मामले में दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट की टिप्पणी से आजीवन कारावास की सजा काट रहे सेंगर कुलदीप खेमे ने राहत की सांस ली है।
विज्ञापन


तीस हजारी कोर्ट ने सीबीआई की चार्जशीट को सही करार देते हुए रायबरेली में हुई घटना को हादसा माना है। कोर्ट की टिप्पणी के बाद सेंगर खेमे ने राहत की सांस ली है। पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर प्रकरण की दुष्कर्म पीड़िता 28 जुलाई को अपने वकील की कार से चाची, मौसी व वकील के साथ रायबरेली जेल में बंद चाचा से मिलने जा रही थी।

रायबरेली के गुरुबक्शगंज के पास कार को एक ट्रक ने टक्कर मार दी थी। हादसे में पीड़िता की चाची और मौसी की मौत हो गई थी। गंभीर रूप से घायल पीड़िता के वकील की इलाज के दौरान कई महीने बाद मौत हो गई थी।
विज्ञापन


घटना में पीड़िता के चाचा ने दुष्कर्म में आजीवन कारावास के सजायाफ्ता पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर समेत 10 नामजद व 20 अज्ञात लोगों पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। सीबीआई ने घटना की जांच के बाद चार्जशीट दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में दाखिल की थी।
Trending Videos
विज्ञापन

इसमेें हादसे को षड्यंत्र न बताकर स्वाभाविक होना बताया था। पीड़िता के चाचा के वकील ने सीबीआई की रिपोर्ट को गलत बताकर कोर्ट से दोबारा मामले की जांच कराए जाने की मांग की थी।

कोर्ट ने प्रार्थना पत्र को संज्ञान लेकर टिप्पणी की कि सीबीआई की जांच रिपोर्ट पर संदेह करने का कोई आधार नहीं है कि रायबरेली की घटना हादसा ही थी। न्यायालय का फैसला आने पर पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर के समर्थकों में खुशी की लहर है। मालूम हो कि इसी घटना के बाद अधिवक्ता अजेंद्र अवस्थी, पीड़िता के रिश्ते के चाचा सहित अन्य लोगों को न्यायालय के आदेश पर सीआरपीएफ की सुरक्षा दी गई थी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें