उन्नाव। सजायाफ्ता पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर केस में पीड़िता ने रविवार को एक और वीडियो व प्रार्थनापत्र सोशल मीडिया पर शेयर किया है। जिसमें उच्चतम न्यायालय व सीबीआई चीफ से पीड़िता ने सुरक्षा कारणों से केस छोड़ रहे अपने वकील को सुरक्षा देने की मांग की है। साथ ही एक अधिवक्ता और जिला पूर्व जिला पंचायत सदस्य को दी गई सुरक्षा वापस लेने की मांग की है।
दुष्कर्म पीड़िता के चाचा पर चल रहे जानलेवा हमले के मुकदमे में पेशी के दौरान 1 अक्तूबर को बहस होनी थी। दिल्ली पुलिस पीड़िता के चाचा और इस मुकदमे के विवेचक (पीड़िता के पिता की हत्या में सजायाफ्ता दरोगा केपी सिंह) को तिहाड़ जेल से लेकर आई थी लेकिन अपर जिला जज कोर्ट संख्या 6 में न्यायाधीश ने मुकदमे में 14 सितंबर को शुरू हुई जिरह को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू की बचाव पक्ष (चाचा) के वकील कृपाशंकर सिंह ने न्यायालय में प्रार्थनापत्र देकर अपना वकालतनामा वापस लेने की अनुमति मांगी। उन्होंने अपनी सुरक्षा को कारण बताया था।
वकील के केस न लड़ने से परेशान पीड़िता ने रविवार को अपना एक और वीडियो और प्रार्थनापत्र शेयर किया है। जिसमें उसने उच्चतम न्यायालय और घटना की जांच करने वाली सीबीआई के चीफ से अपील की है कि पूर्व में सुरक्षा लेने वाले अजेंद्र अवस्थील व देवेंद्र सिंह की सुरक्षा वापस लेने की मांग की है। आरोप है कि दोनों ने गलत तथ्यों के आधार पर सुरक्षा प्राप्त की है। अगर उसके वकील कृपाशंकर सिंह को सुरक्षा नहीं मिली तो वह अपने व अपने चाचा के केस कैसे लड़ पाएगी।