सुल्तानपुर। दो दिन से घर से लापता युवक का शव बृहस्पतिवार को कुड़वार क्षेत्र के सरैया घाट के पास गोमती नदी में पाया गया। परिवारीजनों की सूचना के बाद पुलिस मौके पर नहीं पहुंची तो परिवारीजनों ने सरैया चौराहे पर शव रखकर जाम लगा दिया। सीओ बल्दीराय के समझाने पर परिवारीजन शांत हुए।
हेमनापुर गांव के निवासी वासदेव (38) गत मंगलवार की रात आठ बजे घर से टॉर्च, जाल, छाता लेकर गांव के पास से होकर गुजरी गोमती नदी से मछली पकड़ने के लिए निकला था। बुधलवार की सुबह तक जब वासदेव वापस नहीं लौटा तो परिवारीजनों ने उसकी तलाश शुरू की। नदी के किनारे जाल छाता, टॉर्च, कपड़ा व चप्पल एक स्थान पर रखा मिला था। सूचना पर पुलिस ने गोताखोरों को नदी में उतारा, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चल सका था। बृहस्पतिवार को कुड़वार क्षेत्र के सरैया घाट के पास नदी में ग्रामीणों ने शव उतराता देखा। शव की शिनाख्त वासदेव के रूप करने के साथ परिवारीजनों ने सूचना कुड़वार पुलिस को दी।
इसके बावजूद पुलिस मौके पर नहीं पहुंची। इससे नाराज परिवारीजनों ने शव को सरैया चौराहे के पास रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके बाद पहुंचे सीओ बल्दीराय राजाराम चौधरी और एसओ प्रभाकांत ने परिवारीजनों को समझाकर शांत कराया। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है। ग्रामीणों के मुताबिक हेमनापुर निवासी वासदेव के परिवार में पत्नी ज्ञानमती, पुत्र अंशू, श्रवण, जितेंद्र के साथ ही पुत्री कृष्णावती हैं। वासदेव की मौत से पत्नी बच्चों के साथ ही उसकी बुजुर्ग मां रजवंता (75) का रो-रोकर बुरा हाल है।