सुल्तानपुर। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के करीबी की ओर से दर्ज कराए गए धोखाधड़ी के मामले में स्पेशल जज एमपी-एमएलए जज पीके जयंत ने अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज वर्तिका सिंह के खिलाफ जमानती वारंट जारी करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने यह आदेश वर्तिका सिंह के अदालत में हाजिर न होने पर दिया है। मामले में नामजद कांग्रेस के पूर्व सांसद कमल किशोर कमांडो समेत दो आरोपियों के खिलाफ पुलिस की विवेचना जारी है। मामले में अगली सुनवाई 17 सितंबर को होगी।
केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के करीबी विजय गुप्ता ने 23 नवंबर 2020 को मुसाफिरखाना कोतवाली में प्रतापगढ़ जिले के अंतू थाने के रायचंदपुर गांव निवासी अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज वर्तिका सिंह व कांग्रेस के पूर्व सांसद कमल किशोर कमांडो के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया था। विजय का आरोप है कि रायबरेली के सलोन में आए आयुष राज्य मंत्री भारत सरकार को वर्तिका सिंह ने उनके खिलाफ पत्र दिया था। पत्र में कूटरचना करके उनके खिलाफ निराधार आरोप लगाकर मानहानि की गई थी। पूर्व सांसद कमल किशोर ने पत्र को सोशल मीडिया पर वायरल किया था। पुलिस ने विवेचना में अयोध्या जिले के कुमारगंज थाने के बहबरपुर गांव निवासी रजनीश सिंह को भी आरोपी बनाया है।
पिछले शुक्रवार को आरोपी रजनीश सिंह ने एमपी-एमएलए की विशेष कोर्ट में सरेंडर कर दिया था, जहां उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया था। इसी मामले में पुलिस ने पिछले दिनों निशानेबाज वर्तिका सिंह के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की थी। स्पेशल जज एमपी-एमएलए जज पीके जयंत ने निशानेबाज वर्तिका सिंह के खिलाफ जमानती वारंट जारी करते हुए अगली सुनवाई के लिए 17 सितंबर की तिथि नियत की है। मामले में नामजद कांग्रेस के पूर्व सांसद कमल किशोर कमांडो व आरोपी रजनीश सिंह के खिलाफ पुलिस की विवेचना अभी जारी है।