सोनभद्र। खरीफ सीजन में खाद की किल्लत और मनमाने दामों पर बिक्री की शिकायतों के मद्देनजर रविवार को अभियान चलाकर जिले में खाद की दुकानों पर जांच की गई। तीन तहसीलों में कृषि और राजस्व के अधिकारियों की संयुक्त टीमों ने आकस्मिक निरीक्षण में 31 दुकानों की जांच की। दुकानों से उर्वरक के नमूने लिए गए। अनियमितता पर एक दुकान का लाइसेंस निलंबित करने की संस्तुति की, जबकि नौ दुकानदारों को कड़ी हिदायत देते हुए खामियां दूर करने को कहा गया। जांच की खबर पर कई खाद विक्रेेेता दुकानों के शटर गिराकर भाग गए।
सदर तहसील में सात दुकानों की जांच हुई। यहां से खाद के तीन नमूने लिए गए। एसडीएम ने दो दुकानदारों को रेट बोर्ड, स्टॉक बोर्ड सहित अन्य मानक पूरा न करने पर चेतावनी दी। घोरावल तहसील में एसडीएम सुशील यादव और जिला कृषि अधिकारी डॉ. हरिकृष्ण मिश्र ने 13 दुकानों का निरीक्षण किया। खाद के छह नमूने संकलित किए। तीन दुकानदारों को चेतावनी दी। एसडीएम दुद्धी रमेश कुमार के नेतृत्व में टीम ने 11 दुकानों की जांच करते हुए तीन नमूने संकलित किए। जिला कृषि अधिकारी डॉ. हरिकृष्ण मिश्र ने बताया कि विक्रेताओं को तय मूल्य पर ही खाद बेचने और गुणवत्ता का ध्यान रखने की हिदायत दी गई है। उन्होंने किसानों से खरीद के वक्त रसीद अवश्य लेने की अपील की। कहा कि अगर कोई विक्रेता अधिक दाम लेता है तो तत्काल इसकी शिकायत करें। आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।