Increasing pollution due to overload in Urjanchal
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अनपरा। ऊर्जांचल परिक्षेत्र में ओवरलोड वाहनों का परिवहन रूकने का नाम नहीं ले रहा है। ओवरलोड वाहनों के संचालन से न सिर्फ दुर्घटनाओं का ग्राफ दिन-प्रतिदिन बढ़ रहा है बल्कि प्रदूषण की दर में भी भारी इजाफा हो रहा है। शासन प्रशासन के अनदेखी से नागरिकों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
एनटीपीसी रिहंद व एनटीपीसी सिंगरौली के ऐश डाइक से बड़े पैमाने पर प्रतिदिन दर्जनो ट्रक राख लेकर वाराणसी राष्ट्रीय राज मार्ग में डालने के लिए ले जा रहे है। जो ओवरलोड होने के कारण जगह-जगह सडक़ो पर राख को डाल दे रहे है जिससे प्रदूषण का ग्राफ जहां बढ़ रहा है वहीं एनजीटी के आदेशो की भी खुलेआम धज्जियां उड़ायी जा रही है। परिक्षेत्र में धड़ल्ले से कोयला,राख, बालू आदि का खुले मे ओवरलोड परिवहन किया जा रहा है। ओवरलोड होने के कारण वाहन परिवहन के दौरान कोयले व राख के कण पूरी सडक़ पर गिरते रहते हैं। आंखों में राख व कोयले का चूर्ण जाने से आये दिन राहगीर व दो पहिया वाहन चालक जहां दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं वहीं कोयला राख व धूल से बीजपुर, सिंगरौली,शक्तिनगर, बीना तक क्षेत्र पूरी तरह प्रदूषण की चपेट में है। प्रदूषण के कारण नागरिकों को विभिन्न बीमारियों का शिकार होना पड़ रहा है। ओवर लोड पर प्रशासन व परिवहन विभाग की मेहरबानी इस कदर है कि सभी नियमों को ताक पर रखकर ओवर लोड का खेल खेला जा रहा है दो वाहनों का माल एक वाहन में लोड किया जा रहा है। निर्धारित 25 टन की जगह 45 से 50 टन राख वाहनों मे लोड की जा रही है। लोगों ने प्रशासन व प्रबंधन का ध्यान आकृष्ट कराते हुए तत्काल आवश्यक कदम उठाये जाने की मांग की है।
इस संबंध में एनटीपीसी रिहंद के जन सम्पर्क अधिकारी रितेश भारद्वाज ने बताया कि राष्ट्रीय राज मार्ग वाराणसी के लिए जो राख जा रही है उसकी ट्रांसपोर्टिंग का कार्य एनएचआई की संविदा कंपनी द्वारा किया जा रहा है। एनटीपीसी प्रबंधन सभी नियमों का पालन कर रहा है।