घरातियों ने दूल्हे की तलाश शुरू की, लेकिन पता नहीं चला। इसी बीच सभी बाराती भी धीरे-धीरे पैदल चले गए। उधर, घटना की जानकारी मिलते ही दलबल के साथ कोतवाल सत्य नारायण मिश्रा मौके पर पहुंचे।
बरातियों के तीन चार पहिया वाहनों को कोतवाली ले आए। रविवार सुबह 10 बजे पुलिस के समक्ष दोनों पक्ष शादी करने को तैयार हो गए। कोतवाल ने बताया कि दंडइत बाबा मंदिर परिसर में लड़के और लड़की शादी कराई गई।