शक्तिनगर। केंद्रीय श्रमिक संगठनों के संयुक्त मोर्चा के बैनर तले परियोजना के मजदूरों ने एनसीएल खड़िया क्षेत्र के मुख्य महाप्रबंधक कार्यालय प्रवेश द्वार पर विरोध प्रदर्शन कर धरना दिया। इस दौरान श्रमिकों ने प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की।
शनिवार की सुबह ड्रग लाइन और सीएचपी के श्रमिक जैसे ही ड्यूटी जाने के लिए बसों में सवार होने लगे तो निर्धारित संख्या से ज्यादा भीड़ होने के सवाल पर श्रमिक भड़क उठे और मुख्य महाप्रबंधक कार्यालय पर नारेबाजी करते हुए धरने पर बैठ गए। श्रमिकों ने कहा कि संविदा पर लगे अधिकतर गाड़ियां सर्वे आफ हो चुकी हैं, लेकिन संबंधित विभाग की लापरवाही से ऐसी बसों का संचालन निरंतर हो रहा है। बसों में निर्धारित संख्या से ज्यादा भीड़ होने के कारण संक्रमण फैलने का खतरा बना रहता है। एनसीएल खड़िया क्षेत्र की तीन बसें चालकों की कमी के कारण खड़ी हैं और संविदा बसें सर्वे ऑफ होने के बावजूद सेवाएं दे रही हैं। मजदूरों के धरना पर बैठने के कारण ड्रग लाइन और सीएचपी की सुबह की शिफ्ट लगभग चार घंटे बाधित रही। मौके पर पहुंचे कार्मिक अधिकारियों के मान मनौव्वल के बाद संयुक्त मोर्चा वार्ता को तैयार हुआ। मुख्य महाप्रबंधक राजीव कुमार से श्रमिक संगठन संयुक्त मोर्चा ने वार्ता के बाद बताया कि सर्वे आफ बसों पर उचित कार्रवाई किए जाने का आश्वासन मिला है। तत्काल रुप से खड़ी बसों के लिए चालक की व्यवस्था कराई जाएगी। मुख्य महाप्रबंधक ने आश्वासन दिया है कि मजदूरों के सभी मांगों पर बैठक कर उचित निर्णय लिया जाएगा। इस अवसर पर सभी मजदूर संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।