एनसीएल प्रबंधन के संपर्क में सीजीएम
कोयले के स्टॉक में कमी को देखते हुए अनपरा परियोजना के सीजीएम इं. आरसी श्रीवास्तव लगातार एनसीएल प्रबंधन के संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि कोयला व बिजली एक दूसरे के पूरक हैं। उनका कहना है कि भुगतान को लेकर न तो कभी कोयले की आपूर्ति थमी है और न थमेगी।
15 सौ करोड़ रुपये है बकाया
एनसीएल का उप्र राज्य विद्युत उत्पादन निगम पर लगभग 15 सौ करोड़ रुपये का भुगतान लंबित है। माना जा रहा है कि इसी कारण एनसीएल प्रबंधन की ओर से भुगतान के बराबर ही कोयले की आपूर्ति की जा रही है।
कोयले की नहीं है किल्लत
एनसीएल प्रबंधन का कहना है कि कंपनी में कोयले की कोई कमी नहीं है। अनपरा की परियोजनाएं स्वतंत्र पावर प्रोजेक्ट हैं। इसलिए भुगतान के अुसार ही कोयले की आपूर्ति की जा रही है।