शादी के रंग में उस समय भंग पड़ गया जब सिंदूरदान के वक्त दूल्हा मंडप में ही मिर्गी आने से गश खाकर गिर पड़ा। इससे मंडप में खलबली मच गई। दुल्हन पक्ष के लोगों को बीमारी का पता चला तो उन्होंने शादी से इनकार करते हुए बरातियों को बंधक बना लिया।
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घंटों चली पंचायत के बाद शादी का सभी खर्च वहन करने की सहमति पर उन्हें मुक्त किया गया। मामला सोनभद्र के दुद्धी कोतवाली क्षेत्र के एक गांव का है। गांव में शुक्रवार की रात कानपुर से एक बरात आई थी। घरातियों ने उनका खूब स्वागत सत्कार किया। द्वार पूजा और जयमाल के बाद आंगन में विवाह की रस्में शुरू हो गईं।
शनिवार की भोर में सिंदूरदान की तैयारी चल रही थी तभी अचानक दूल्हा गश खाकर गिर पड़ा। कन्या पक्ष के लोग सकते में आ गए। बाद में छानबीन हुई तो पता चला कि दूल्हे को मिर्गी है। यह सुनते ही कन्या पक्ष के लोग भड़क उठे। शादी रोकते हुए बरातियों को बंधक बना लिया।
उनका आरोप था कि शादी से पूर्व में दूल्हे की बीमारी के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई थी। दोनों पक्षों के बीच घंटों पंचायत चली। शनिवार की देर शाम दूल्हा पक्ष की ओर से शादी का पूरा खर्च वहन करने की सहमति के बाद उन्हें जाने दिया गया।