सीतापुर। संदना पुलिस की भ्रष्टाचार के गंभीर मामले की विवेचना में लापरवाही सामने आई है। आलम यह है विवेचक ने दो वर्ष पूर्व मृत महिला के बयान दर्ज कर अपनी जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेज दी। पुलिस विभाग के उच्चाधिकारियों ने भी आंख बंद कर यह रिपोर्ट अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वितीय के कार्यालय में दाखिल करवा दी। शुक्रवार को एसीजेएम द्वितीय स्वारांगी शुक्ला ने मामले को पकड़ा और विवेचक की अंतिम आख्या को निरस्त कर दिया। उन्होंने संदना पुलिस को लचर विवेचना के लिए लताड़ भी लगाई।
गोंदलामऊ ब्लॉक की हिंडौरा ग्राम पंचायत में प्रधान श्यामा देवी पर 2020 में प्रधानमंत्री आवास देने के नाम पर घूस लेने के आरोप लगे थे। मामले में डीएम के निर्देश पर ए आर कोऑपरेटिव व अधिशासी अभियंता शारदा नहर प्रखंड ने जांच की थी। जांच में दोषी पाए जाने पर डीएम ने 20 अगस्त 2020 को इसे आपराधिक कृत्य मानते हुए एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए थे।
इस क्रम में चार वर्ष बाद तत्कालीन सीडीओ निधि बंसल के आदेश पर 30 जुलाई 2024 को संदना थाने में एडीओ कृषि प्रमोद कुमार ने केस दर्ज कराया। प्रकरण की जांच उपनिरीक्षक रामदुलार रावत को मिली। विवेचक रामदुलार रावत ने वादी व गवाहों के बयान, लाभार्थियों के बयान, घटनास्थल का निरीक्षण व अन्य साक्ष्यों के आधार पर अंतिम रिपोर्ट संख्या-20/2024 13 अगस्त 2024 को एसीजेएम द्वितीय न्यायालय में दाखिल कर दी। इसमें विवेचक ने 5 अगस्त 2024 को केस डायरी पर्चा नंबर 3 में लाभार्थी व शिकायतकर्ता दुन्ना के शपथपत्र की तस्दीक करने व बयान अंकित करने की बात लिखी। जबकि उनकी ही केस डायरी के पर्चा नंबर 14 में प्रधान श्यामा देवी के 18 जनवरी 2025 के बयान दर्ज हैं।
इसमें लिखा है कि दुन्ना की मृत्यु करीब दो वर्ष पूर्व ही हो चुकी है। यानि इस हिसाब से विवेचक ने दुन्ना की मृत्यु के बाद उनके बयान दर्ज किए। सुनवाई के दौरान एसीजेएम द्वितीय स्वारांगी शुक्ला ने इस लापरवाही पर नाराजगी जताई। उन्होंने संदना पुलिस की विवेचना को निष्पक्ष नहीं माना और निरस्त कर दिया।
कोर्ट ने एसओ संदना को दोबारा विवेचना करने के दिए निर्देश
एसीजेएम द्वितीय स्वारांगी शुक्ला ने शुक्रवार को प्रभारी निरीक्षक थाना संदना को नए सिरे से विवेचना के निर्देश दिए हैं। कोर्ट द्वारा जारी आदेश के अनुसार इस मामले में अग्रेतर विवेचना करने के साथ अग्रिम कार्यवाही के लिए पत्रावलियों को 21 अक्तूबर को तलब किया है।