मेज पर रखे पांच के सिक्के। - संवाद
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सीतापुर। सुनकर आश्चर्य होगा पर यह सच है। दो रुपये का पुराना सिक्का 3.50 रुपये में बिक रहा है। पांच रुपये के पुराने 20 सिक्के जिनकी कीमत 100 रुपये है, वे 115 रुपये में बिक रहे हैं। लालबाग बाजार में सिक्के बदलने का कारोबार फल-फूल रहा है। जिले में कई आभूषण व्यापारी भी पुराने सिक्कों को महंगे दामों पर खरीद रहे हैं। ये सिक्के 1995 से 2005 के बीच के बने हुए हैं।
जिले में पुराने सिक्कों को बदलने का कारोबार तेजी से फल फूल रहा है। पांच रुपये का पुराना सिक्का नये सिक्के से मोटा है। पुराने सिक्के का वजन भी ज्यादा है। इसी तरह दो रुपये का पुराना सिक्का भी नए से वजनदार है। अब इन पुराने सिक्के बाजार से धीरे-धीरे गायब होने लगे हैं। शुरुआत में पांच रुपये के 20 सिक्के जिनकी कीमत सौ रुपये है, इन्हें बदलने पर 110 रुपये मिल जाते थे। पहले कुछ ही व्यापारी इसका काम करते थे।
धीरे-धीरे जब लोगों को इसकी जानकारी हुई तो यह कारोबार अब कई लोग करने लगे हैं। अब पांच रुपये के पुराने 20 सिक्के देने पर 115 रुपये मिल रहे हैं। इसी तरह दो रुपये का पुराना एक सिक्का बदलने पर 3.50 रुपये मिल रहे हैं। यानी एक सिक्के पर सीधे 1.50 रुपये का लाभ मिल रहा है। यह कारोबार लालबाग बाजार में नोट बदलने वाले कर रहे हैं।
कई आभूषण व्यापारी चोरी छिपे बट्टा देकर लोगों से सिक्का ले रहे हैं। सिक्का बदलने वाले व्यापारियों का कहना है कि अगर इसी तरह लोग इस कारोबार में शामिल होते रहे तो आने वाले दिनों में इन सिक्कों की कीमत और अधिक बढ़ जाएगी। जब कीमत से अधिक रुपये का लाभ मिल रहा है तो लोग इन सिक्कों को इकट्ठा करके खूब कमाई कर रहे हैं।
गिलट में हो रहा है उपयोग
एक आभूषण व्यापारी ने बताया कि पुराने पांच व दो रुपये के सिक्के में गिलट धातु का इस्तेमाल किया गया है। इस समय गिलट की धातु बाजार में महंगी हो रही है। इसी वजह से इन सिक्कों का उपयोग अब गिलट के रूप में किया जाने लगा है। इसी वजह से इन सिक्कों को इकट्ठा करके एक साथ गला दिया जाता है। उस गलन में निकली धातु से गिलट की पायल, बिछिया सहित अन्य आइटम बनाए जाते हैं।
नियम विरुद्ध है यह काम
जिले में सिक्के के बदले अतिरिक्त रुपये मिलने की जानकारी नहीं है। न ही इस तरह बदलने का कोई नियम है। अगर कोई ऐसा कर रहा है या सिक्कों को गला रहा है तो यह नियम विरुद्ध है।
- अनल कुमार, एलडीएम