सीतापुर। जनपद न्यायालय प्रांगण में 12 मार्च को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इसमें वादकारी, अधिवक्ता कोविड-19 के संबंध में जारी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए वादों का निस्तारण करा सकेंगे।
यह जानकारी न्यायाधीश/सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सुदेश कुमारी ने दी। उन्होंने बताया कि जनपद के समस्त बाह्य न्यायालय व समस्त तहसील स्तर पर भी इसका आयोजन किया जाएगा। राष्ट्रीय लोक अदालत में आपराधिक शमनीय वाद, धारा-138 पराक्रम्य लिखित अधिनियम, बैंक वसूली वाद, मोटर दुर्घटना प्रतिकर याचिकाएं, पारिवारिक विवाद, श्रम विवाद, भूमि अधिग्रहण वाद, विद्युत और जल बिल विवाद, राजस्व संबंधी वाद, अन्य सिविल वाद (किराया सुखाधिकार व्ययादेश, विशिष्ट अनुतोष वाद), बैंक के प्री-लिटिगेशन विवाद व अन्य सम्यक विवादों को सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारित कराया जा सकता है।
वैवाहिक विवादों के संदर्भ में प्री-लिटिगेशन विशेष लोक अदालत का आयोजन भी किया जाएगा। ऐसे पक्षकार जिनके प्री-लिटिगेशन पारिवारिक मामले जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में विचाराधीन हैं, वे पक्षकार 12 मार्च को सुबह 10 बजे न्यायालय परिसर के जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में उपस्थिति रहेंगे। अपने प्रार्थना पत्रों का निस्तारण सुलह-समझौते के आधार पर पीठ के माध्यम से करा सकेंगे।
जिला समाज कल्याण अफसर हर्ष मवार ने बताया कि माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण और कल्याण नियमावली-2014 के तहत निर्धारित दायित्वों के क्रम में नियमावली के अधीन गठित भरण-पोषण अधिकरण में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 मार्च को किया जाएगा जिसमें संबंधित प्राप्त प्रकरणों का निस्तारण किया जाएगा।