नैमिषारण्य (सीतापुर)। भूसमेत बालाजी मंदिर में चल रहे एक मासीय धनुर्मास महोत्सव का बुधवार को षटतिला एकादशी के पर्व के साथ समापन हो गया। इस दौरान श्रृंगार, पूजन एवं भंडारे का आयोजन किया गया।
धनुर्मास महोत्सव के समापन पर भूसमेत बालाजी मंदिर को मनमोहक तरीके से फूलों से सजाया गया। मंदिर के व्यवस्थापक पाराश्रम विख्न्नसा चार्यलु भैयाजी के सानिध्य में बालाजी का भव्य शृंगार किया गया। इसके उपरांत विधि-विधान से पूजन किया गया। भगवान विष्णु के स्वरूप गोदा रंगनाथ का विधि विधान से दक्षिण भारत के ब्राह्मणों ने विधिवत पूजन किया। सबसे पहले भगवान के श्रीविग्रह को गाजे-बाजे के साथ नैमिष की गलियों में पालकी पर विराजमान कराकर भ्रमण कराया गया।
शोभा यात्रा में श्रद्धालु नाचते गाते हुए चल रहे थे। श्रीदेवी एवं भूदेवी के साथ भगवान रंगनाथ का चक्रतीर्थ के पवित्र जल से अभिषेक किया गया। इसके उपरांत वैदिक रीति और परंपराओं के साथ लक्ष्मी का कन्यादान कर भगवान का विवाह संपन्न हुआ। इसके बाद भगवान को भोग लगाकर आरती की गई। मुख्य यजमान मिश्रिख के मुकेश वर्मा सपरिवार व मुदित सेठ शाहजहांपुर पूजन में सम्मलित हुए। वहीं, सत्य नारायण धाम में रामानुज माताजी के सानिध्य में धूमधाम से धनुर्मास पर्व मनाया गया।