कसमंडा विकासखंड के परिषदीय विद्यालयों के औचक मुआयने में तमाम अनियमितताएं मिलीं। कहीं स्कूल बंद मिले तो कहीं शिक्षक नदारद थे। यही नहीं विद्यालयों में बच्चे हिंदी भी नहीं पढ़ पाए। बीएसए समेत 21 अफसरों द्वारा ब्लॉक के 164 विद्यालयों के हुए निरीक्षण 42 शिक्षक अनुपस्थित पाए गए।
चार विद्यालयों में सुबह आठ बजे तक ताला लटका मिला। इसके अलावा दो विद्यालयाें में बच्चे हिंदी भी पढ़ नहीं पाए। इस पर शिक्षकाें का एक दिन का वेतन रोकते हुए स्पष्टीकरण मांगा है। एक भवन प्रभारी का वेतन रोक दिया गया है।
19 बीईओ व एमडीएम समन्वयक बृजमोहन सिंह ने कसमंडा के स्कूलों का मुआयना किया। 202 विद्यालयों का टारगेट था। इसके सापेक्ष 164 विद्यालय चेक किए गए। इस दौरान बिना सूचना के 42 शिक्षक गैरहाजिर मिले। इन शिक्षकों का बीएसए ने एक दिन का वेतन रोक तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण मांगा है।
वहीं प्राथमिक विद्यालय कानमऊ, उच्च प्राथमिक विद्यालय रमपुरवा, प्राथमिक विद्यालय खरखरिया व दौवा में सुबह आठ बजे तक ताला लटकता रहा। स्कूल बंद होने से बच्चे लौट गए। बीएसए राजेंद्र सिंह के उच्च प्राथमिक विद्यालय भंडिया के मुआयने में शैक्षिक गुणवत्ता बहुत खराब मिली।
प्राथमिक विद्यालय बलुईया में बच्चे हिंदी नहीं पढ़ पाए। जिस पर शिक्षकाें को फटकार लगाई। उच्च प्राथमिक विद्यालय अजई में भवन जर्जर मिला। भवन प्रभारी के वेतन रोक दिया गया है। प्राथमिक विद्यालय खैरमबेसनगर में साफ-सफाई बेहतर मिली। यहां के नौनिहालों का शैक्षिक स्तर बेहतर मिला।