विद्यालय के गेट के सामने से शराब की दुकान हटवाने की मांग
भनवापुर। धार्मिक स्थल व स्कूल के आसपास शराब की दुकान न खोलने का आदेश है। बावजूद इसके, डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के एक स्कूल के बगल दीवार से सटी देसी शराब तो वहीं सामने बियर की दुकान खोल दी गई है। स्कूल प्रबंधन व अभिभावकों की शिकायत के बावजूद दुकान नहीं हटवाई गई। लोगों ने इन दुकानों को हटवाने की मांग की है।
क्षेत्र के मन्नीजोत-धनोहरी मार्ग पर 2012 से मान्यता प्राप्त एक निजी संचालित किया जा रहा है। उसमें कक्षा एक से लेकर आठ तक के करीब 500 बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। विद्यालय के गेट के सामने बियर की दुकान तो पश्चिम सटी दीवार से देसी शराब की दुकान खुलने से दिनभर नशे की लत वालों का जमावड़ा लगा रहता है। ऐसे लोगों से होने वाले शोर के बीच बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। क्षेत्र के सेखुई गोवर्धन गांव निवासी महावीर दूबे ने बताया कि उनका बेटा इस विद्यालय में पढ़ता है। स्कूल के गेट पर चल रही बियर की दुकान पर शराबियों का जमावड़ा रहने से बच्चे की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
महुआ खुर्द गांव निवासी सुनील शुक्ल ने कहा कि सरकार की ओर से स्कूल व धार्मिक स्थल से दूर शराब की दुकान संचालित करने के निर्देश के बाद भी स्कूल के बगल खुली शराब की दुकान बंद होनी चाहिए। सेमरा बनकसिया गांव निवासी दरशू ने कहा कि स्कूल के सामने व बगल में खुली शराब की दुकान पर जुट रहे शराबियों के शोर गुल से बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। स्कूल के प्रबंधक फिरोज अहमद मलिक ने कहा कि कई बार आबकारी विभाग के अधिकारी तथा एसडीएम डुमरियागंज को स्कूल के बगल व गेट पर खुली शराब की दुकान को हटाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन अब तक किसी भी जिम्मेदार ने इसके लिए कोई कदम नहीं उठाया।
इस संबंध में जिला आबकारी अधिकारी रविंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि विद्यालय के पास शराब की दुकान है तो इसको दिखवाया जाएगा और आने वाले समय में कहीं अन्य जगहों पर दुकान को स्थानांतरित कराया जाएगा।