पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से मौसम का मिजाज बदला
शामली। पहाड़ी क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो जाने के बाद 26 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूल भरी पछुवा हवा चलने से मौसम में बदलाव आया है। अगले 24 घंटे में दिन और रात का तापमान घटता-बढ़ता रहेगा।
30 मार्च को 36 डिग्री सेेल्सियस तापमान रिकार्ड किया गया था। पहाड़ी क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो जाने के बाद मैदानी क्षेत्रों में मंगलवार की शाम को धूल भरी हवा चलने से पिछले 24 घंटे में दिन के तापमान में दो और रात के तापमान में चार डिग्री सेल्सियस गिरावट दर्ज की गई। दिन निकलते ही 26 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने से दिन का तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और रात का तापमान 17 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। मौसम विभाग के अधिकारियों के मुताबिक धूल भरी हवाएं चलेंगी। दिन और रात के तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी। धूल भरी तेज हवा चलने से रात के तापमान में चार डिग्री सेल्सियस और लुढ़केगा। रविवार के बाद दिन के तापमान में बढ़ोतरी प्रारंभ होगी। सोमवार को दिन का तापमान 37 और रात का तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया जाएगा। कृषि विज्ञान केंद्र बघरा के निदेशक डॉक्टर पीके सिंह ने बताया कि पहाड़ी क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो जाने के बाद मैदानी क्षेत्रों में इसका असर पड़ा है।
इन्होंने कहा
शामली। शामली कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक डॉक्टर शीशपाल सिंह का कहना है कि सामान्य से पांच- छह डिग्री अधिकतम तापमान होने से गेहूं की फसल पककर तैयार होने लगी है। तेज हवा चलने से गेहूं का दूधिया दाना पक जाएगा। नमी उड़ जाने से दाना सिकुड़ जाएगा। तेज हवा चलने से किसान खेतों में हलकी सिंचाई न करें। हल्की सिंचाई करने से खेतों में खड़ा गेहूं गिर जाएगा।