: जिला आपदा एवं प्रबंधन विभाग लोगों को गर्मी के मौसम में आग से बचाव को कर रहा जागरूक
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। गर्मी के मौसम में तापमान में वृद्धि के कारण विभिन्न स्थानों पर आग लगने की घटनाओं की आशंका बढ़ जाती है। विशेषतः ग्रामीण क्षेत्रों में फसल कटाई के पश्चात खेतों में आग लगाना, बिजली की ओवरलोडिंग, रसोई गैस से जुड़ी लापरवाही आदि से आग की घटनाएं सामने आती हैं। जिला प्रशासन लोगों को आग लगने के मामलों पर बचाव के टिप्स दे रहा है।
जिला आपदा एवं प्रबंधन अधिकारी नेहा दूबे के अनुसार, आग से बचाव के लिए बिजली संबंधित सुरक्षा उपाय को विद्युत उपकरणों एवं वायरिंग की नियमित जांच कराएं। ओवरलोडिंग से बचें, एक ही सॉकेट में कई उपकरण न चलाएं। बंद पंखे, कूलर, हीटर आदि चालू अवस्था में न छोड़ें। टूटी-फूटी या जली हुई तारों को तुरंत बदलवाएं। गैस सिलेंडर प्रयोग के बाद उसका रेगुलेटर बंद करें।
रसोई में ज्वलनशील वस्तुएं जैसे कि पेट्रोल, केरोसीन आदि न रखें। बच्चों को गैस स्टोव के पास अकेला न छोड़ें। फसल कटाई के बाद खेतों में अवशेष जलाना पूरी तरह से वर्जित है। भूसे एवं चारे को सुरक्षित स्थान पर ढक कर रखें। प्रत्येक गांव में ग्रामीण अग्निशमन समिति गठित की जाए, जो आपात स्थिति में तत्परता से कार्य कर सकें। सभी दुकानों में अग्निशमन यंत्र अवश्य रखें एवं उसका संचालन सीखें।गोदामों में आग से बचाव की पर्याप्त व्यवस्था करें। दुकानों के आसपास कूड़े या सूखे पत्तों का ढेर न लगने दें।