शामली। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) की ओर से पहल की गई है। समूह में बेहतर काम करने वाली 100 महिलाओं को सुपर सखी बनाया गया है।
अब ये सुपर सखी अन्य महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करेंगी। इसके लिए अगले सप्ताह से गोष्ठी और जागरूकता कार्यक्रम शुरू किए जाएंगे।
एनआरएलएम के मैनेजर पंकज कुमार ने बताया कि जिले में 70 हजार से अधिक महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी हैं। करीब 20 हजार और महिलाओं को समूहों से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की तैयारी है। इसके लिए अलग-अलग क्षेत्रों में बेहतर काम करने वाली महिलाओं को सुपर सखी की जिम्मेदारी दी गई है।
शामली, थानाभवन और ऊन क्षेत्र की सोनिया, राधिका, मनोरमा, पूजा, पिंकी, पूनम और बलकिशन समेत 100 महिलाओं को सुपर सखी बनाया गया है। ये महिलाएं साबुन, झंडे और अन्य उत्पाद तैयार कर खुद आत्मनिर्भर बन रही हैं। अब इनके अनुभव का लाभ अन्य महिलाओं को भी मिलेगा।
उन्होंने बताया कि अगले सप्ताह से सुपर सखियों के साथ गोष्ठियां आयोजित की जाएंगी। इनमें महिलाओं को उत्पाद तैयार करने, उसकी गुणवत्ता बनाए रखने, पैकेजिंग और बाजार में बिक्री करने के बारे में जानकारी दी जाएगी। महिलाओं को समूह से जुड़कर स्वरोजगार शुरू करने के लिए भी प्रेरित किया जाएगा।