शामली। अवैध हथियारों की तस्करी से जनपद का नाम पहले भी चर्चाओं में रहा है। अब हरियाणा के फतेहाबाद में अवैध हथियारों के साथ जिले के दो युवकों के पकड़े जाने से जिले का नाम एक बार फिर जुड़ गया है। इससे पहले शामली के लोग अवैध हथियारों की तस्करी में हरियाणा, दिल्ली आदि राज्यों में पकड़े जा चुके हैं। अवैध हथियारों की तस्करी के आरोप में यहां के लोगों का पाकिस्तान कनेक्शन भी सामने आ चुका है।
हरियाणा के फतेहाबाद में पुलिस ने दो युवकों नूर मोहम्मद और आसिफ को अवैध पिस्टलों के साथ गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी शामली जिले के निवासी बताए गए हैं। पुलिस का दावा है कि दोनों युवक हथियारों की सप्लाई देने के लिए शामली से टोहाना पहुंचे थे। यह कोई पहला मामला नहीं है। अवैध हथियारों की तस्करी में शामली जिले का नाम पहले भी चर्चाओं में आ चुका है। जनपद का कस्बा कैराना जाली नोट, हथियार तस्करी, पाक कनेक्शन को लेकर पहले से ही चर्चाओं में रहा है।
इसी साल जून में गांव जहानपुरा निवासी वैसर को दिल्ली की क्राइम ब्रांच ने अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तार किया था। हालांकि परिजनों ने दिल्ली पुलिस पर युवक को घर से उठाकर ले जाने का आरोप लगाया था। इससे पहले जनवरी में फरीदाबाद रेलवे स्टेशन पर गांव तितरवाड़ा निवासी शोएब को अवैैध पिस्टलों और मैग्जीन के साथ पुलिस ने गिरफ्तार किया था। पिछले साल अगस्त में दिल्ली की स्पेशल सैल ने दभेड़ी खुर्द निवासी आसमोहम्मद को अवैध पिस्टल के साथ पकड़ा था। नवंबर 2017 में कैराना क्षेत्र निवासी कौसर को अवैध हथियारों के साथ गाजियाबाद पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इससे पहले मार्च 2014 में अटारी बॉर्डर पर समझौता एक्सप्रेस में पाकिस्तान से जूसर मिक्सर में छिपाकर लाए जा रहे पिस्टलों के साथ जिले की दो महिला समेत छह लोग गिरफ्तार हुए थे। 2018 में भी इसी तरह अटारी बार्डर पर कुकर में छिपाकर पाकिस्तान से पिस्टल लाने के आरोप में कैराना क्षेत्र निवासी मुल्तानी को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इसके अलावा भी अन्य कई मामलों में अवैध हथियारों की तस्करी में जिले के लोग पकड़े गए हैं। हरियाणा के फतेहाबाद में अवैध तस्करी का मामला एक बार फिर सामने आने से खुफिया विभाग छानबीन में जुट गया है।