शहर के मोहल्ला नया बाजार निवासी नमन कुमार ने मैकेंजी टावर मायापुरी फेस 2 नई दिल्ली ज्योतिष संस्थान निवासी प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य जीडी वशिष्ठ ज्योतिष संस्थान के विरुद्ध आयोग के समक्ष परिवाद प्रस्तुत किया। परिवादी ने बताया कि उनके पिता राहुल गोयल रेडीमेड कपड़े का रिटेल विक्रय का कार्य कर जीवीकोर्पाजन करते हैं।
कोरोना महामारी के कारण कार्य में आई मंदी के बाद उनके पिता बच्चों का भरण पोषण करने में असमर्थ होने के कारण परेशान व दुखी थे। विभिन्न टीवी चैनलों, सोशल मीडिया आदि के माध्यम से ज्योतिषाचार्य द्वारा प्रचार प्रसार कर आश्वस्त किया गया कि उनसे संपर्क करने और उसके अनुसार दिनचर्या का पालन किए जाने पर किसी भी व्यक्ति का भाग्य पलट सकते हैं, खराब किस्मत ठीक करने और दुनिया के दुख दूर कर सकते हैं।
यह भी पढ़ें: Meerut News Today Live: मेरठ और आसपास की ताजा और अहम खबरें, पढ़ें 1 दिसंबर को आपके शहर में क्या हुआ
इसके अलावा ज्योतिषाचार्य विभिन्न प्रकार के तंत्र-मंत्र, टोने टोटके, लाल किताब व पूजा पाठ की वस्तुओं के विक्रय का भी कार्य करते हैं। उनके प्रचार के झांसे में आकर परिवादी के परिवार ने विक्रय की गई सामग्री, उपाय और परामर्श के नाम पर ज्योतिषाचार्य को करीब डेढ़ लाख रुपये दिए, लेकिन इसके बाद भी किसी भी प्रकार का लाभ नहीं हुआ।
इसके बाद उन्हें ठगी होने का अहसास हुआ। परिवादी का कहना है कि एक जुलाई 2025 को वे ज्योतिषाचार्य के पास शिकायत लेकर गए और अपने रुपये वापस मांगे तो आरोप है कि उन्होंने उनके साथ गाली गलौच की और डर दिखाया।
इसके बाद बाउंसर से उसे व उसके परिवार को धक्के दिलवाकर बाहर निकलवा दिया। परिवादी के मुताबिक उसने ज्योतिषाचार्य के विरुद्ध धोखाधड़ी, जालसाजी आदि करने के संबंध में परिवाद किए जाने की बात कही तो उसने अपने ताल्लुक बड़े लोगों से होना बताया।
आयोग के अध्यक्ष हेमंत कुमार गुप्ता ने बताया कि परिवादी की तरफ से प्रस्तुत किए गए परिवाद को सुना गया, जिसमें ज्योतिषार्य पर भ्रामक विज्ञापन से प्रचार प्रसार करने, अनुचित व्यापार, व्यवहार करने और धोखाधड़ी आदि आधार पर्याप्त पाए जाने पर परिवाद दायर कर लिया गया। ज्योतिषाचार्य जीडी वशिष्ठ को 24 दिसंबर को आयोग के समक्ष उपस्थित होने का नोटिस जारी किया गया है। इस तिथि पर उपस्थित न होने पर ज्योतिषाचार्य के विरुद्ध वारंट जारी किए जाएंगे।