इसके बाद परिजनों ने हरियाणा के करनाल अस्पताल में भर्ती कराया। जहां पर मंगलवार को उपचार के चलते पायल ने दम तोड़ दिया। जिसके बाद परिजनों में कोहराम मच गया। थाना प्रभारी वीरेंद्र कसाना ने बताया सोमवार की शाम को पायल के जहरीले पदार्थ के सेवन की सूचना मिली थी जिसको परिजनों द्वारा करनाल में भर्ती कराया था। जहां मंगलवार की सुबह पायल की मौत हो गई। जिसका पंचनामा भरकर करनाल में ही पोस्टमार्टम किया गया है।
बहन-भाइयों को भी खेलने के प्रति करती थी प्रेरित
किक बॉक्सिंग की नेशनल खिलाड़ी पायल की मौत से परिवार वालों का बुरा हाल है। बाबा सतपाल सिंह ने रोते हुए बताया मेरी होनहार बेटी हमें छोड़कर चली गई। सतपाल ने बताया किक बॉक्सिंग में प्रदेश से लेकर नेशनल तक खेली है जिसमें मेडल जीत रखे हैं। बताया कि पायल ने बहुत सपने देख रखे थे। वह अपने छोटे भाई-बहनों को भी खेलने के लिए प्रेरित करती थी।
रिक्शा चलाकर परिवार का पालन पोषण करता है परिवार
किक बॉक्सिंग की नेशनल खिलाड़ी पायल का परिवार एक गरीब परिवार है। पायल के बाबा सतपाल ने कस्बे में रिक्शा चलाकर जहां अपने परिवार का पालन पोषण किया है। वहीं पायल के पिता लोकेश कुमार भी रेहड़ा चलाकर बच्चों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं। पायल पांच भाई-बहन हैं, जिसमें पायल अपने पिता की सबसे बड़ी बेटी थी। जिसके बाद काजल, वंशिका ओर आदित्य व मयंक दो भाई हैं।
चाचा एयरफोर्स में हैं तैनात
किक बॉक्सिंग की नेशनल खिलाड़ी पायल के चाचा एयर फोर्स में है। पायल का आर्मी में जाने का सपना था। पायल अपने चचेरे भाई रितिक एवं विकास को भी साथ लेकर खेल रही थी। जिसमे दोनों भाई अपनी बहन के साथ मेहनत कर रहे थे, लेकिन अचानक परिवार पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा।