शामली कलेट्रेट में प्रदशर्न करते कर्मचारी संघ के सदस्य
- फोटो : SHAMLI
शामली। जिले के श्रमिक संगठनों ने 11 सूत्रीय मांगो को लेकर कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन डीएम जसजीत कौर को सौंपते हुए श्रम कानूनों का कड़ाई से पालन करने, नियमित कार्यों का अवैध ठेका और आउट सोर्सिंग से कराने पर रोक लगाने आदि की मांग की गई।
बुधवार को भारतीय मजदूर संघ, भारतीय टेलीकॉम इंप्लाइज यूनियन, राष्ट्रीय डिस्टलरी श्रमिक संघ, चीनी मिल कर्मचारी यूनियन आदि श्रमिक संगठनों के पदाधिकारियों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने डीएम को सौंपते हुए कहा कि कोरोना के चलते समूचा विश्व बड़े संकट से गुजर रहा है। बताया कि सरकार की श्रमिक विरोधी नीतियों में बदलाव के लिए राष्ट्रव्यापी सरकार जगाओ सप्ताह चलाया जा रहा है। ज्ञापन में असंगठित क्षेत्र के प्रवासी मजदूरों की समस्याओं का समाधान किए जाने, लॉकडाउन की अवधि में लंबित मजदूूरी-पारिश्रमिक, वेतन भत्ते का भुगतान दिलाए जाने की मांग की। इसके अलावा उत्तर प्रदेश की चीनी मिलों में कार्यरत कर्मचारियों का पांच वर्षों से वेतन पुनरीक्षण किए जाने, कर्मचारी पेंशन योजना 1995 में न्यूनतम पेंशन 7500 रुपये प्रतिमाह किए जाने व इसे डीए से लिंक किए जाने, क्षतिपूर्ति अधिनियम में 1923 में संशोधन करते हुए क्षतिपूर्ति गणना हेतु कर्मकार का वेतन 24 हजार रुपये निर्धारित किए जाने की मांग की है। भारतीय मजदूर संघ के अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार, महामंत्री प्रदीप कुमार, बीएसएनएल के सर्किल सचिव तेजपाल सिंह, शिवराज सिंह, ब्रह्मपाल सिंह, कृष्णपाल सिंह, विनोद कुमार शर्मा मौजूद रहे।
शामली कलेट्रेट में प्रदशर्न करते कर्मचारी संघ के सदस्य- फोटो : SHAMLI
शामली गांधी चौक बाजार में लगी भीड- फोटो : SHAMLI