शामली। जिले में डेंगू बुखार का प्रकोप थम नहीं रहा है। स्वास्थ्य विभाग की जांच में रोजाना डेंगू के संदिग्ध लक्षण वाले मरीज सामने आ रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू बुखार की पुष्टि के लिए 29 सैंपल और एलाइजा जांच के लिए मुजफ्फरनगर भेजे हैं। अब तक 143 सैंपलों की जांच में 32 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हो चुकी है। इस तरह से अब तक पिछले साल के मुकाबले चार गुना ज्यादा डेंगू के मरीज मिल चुके हैं। पिछले साल आठ मरीज डेंगू के मिले थे।
स्वास्थ्य विभाग की जांच में रोजाना डेंगू के लक्षण वाले मरीज सामने आ रहे हैं। मंगलवार को थानाभवन ब्लाक के गांव नोजल में डेंगू के संभावित तीन मरीज मिलने पर सैंपल लिए गए। इससे पहले दिन सोमवार को गांव भैंसवाल में इसी तरह डेंगू के संभावित दो मरीज मिलने पर उनके सैंपल एलाइजा जांच कराने को लिए गए हैं। इससे पहले भी इसी तरह अन्य गांवों में डेंगू के मरीज सामने आ रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक इस साल अब तक 143 संभावित मरीजों के सैंपलों की एलाइजा जांच में 32 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हो चुकी है।
यह सरकारी आंकड़े हैं, जबकि निजी अस्पतालों व चिकित्सकों के यहां रैपिड एंटीजन किट की जांच डेंगू के केस इससे कहीं ज्यादा मिल चुके हैं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग एंटीजन किट की जांच को प्रमाणिक नहीं मानकर पल्ला झाड़ लेता है। स्वास्थ्य विभाग एलाइजा जांच को ही प्रमाणिक मानता है। पिछले साल की तुलना में इस साल 2021 में चार गुना डेंगू के केस ज्यादा मिल चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को 29 सैंपल और एलाइजा जांच के लिए मुजफ्फरनगर भेजे हैं। इनकी रिपोर्ट सोमवार तक आने की संभावना है।
जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. विनय कुमार का कहना है कि बुखार की रोकथाम के लिए गांव व शहरों में जागरूकता अभियान चलाने के साथ एंटी लार्वा का छिड़काव कराया जा रहा है। पिछले साल की तुलना में इस बार डेंगू बुखार के केस बढ़े हैं, लेकिन अन्य जनपदों की तुलना में शामली में डेंगू बुखार कम हैं। जिले में बुखार पूरी तरह से नियंत्रण में है।
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मलेरिया बुखार के मिले 43 केस
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक इस साल में अब तक 18862 सैंपलों की जांच में मलेरिया बुखार के 43 केस मिले हैं। पिछले साल 24778 सैंपलों की जांच मेें मलेरिया के 38 मरीज मिले थे। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि अक्तूबर माह में मलेरिया बुखार का केस नहीं मिला है। इससे माना जा रहा है मलेरिया बुखार नियंत्रण में है।