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खूब उछाला सोनी हत्याकांड, मगर वोट हाथ नहीं आए

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खूब उछाला सोनी हत्याकांड, मगर वोट हाथ नहीं आए
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शामली। राजनीतिक दल बेशक अपने हिसाब से मुद्दे गरमाते हैं। कैराना उपचुनाव में भी नेताओं ने अलग अलग बिरादरी को साधने के लिए अलग मुद्दे उठाए। समाजवादी पार्टी के कश्यप बिरादरी के नेताओं ने कश्यपों को साधने के लिए गांव गढ़ी श्याम के सोनी हत्याकांड को मुद्दा बनाने का प्रयास किया गया, लेकिन गांव गढ़ी श्याम में भी भाजपा को कमजोर नहीं कर पाए।
गठबंधन की तरफ से रालोद प्रत्याशी तबस्सुम बेगम हसन को जिताने के लिए समाजवादी पार्टी ने गोरखपुर के सांसद प्रवीण निषाद (कश्यप), निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय कुमार के अलावा सुधाकर सिंह कश्यप, किरणपाल कश्यप, बिरादरी के अन्य नेताओं को भी लगाया था। वहीं, उपचुनाव के प्रचार के दौरान कश्यप बिरादरी के नेताओं द्वारा कांधला क्षेत्र के गांव गढ़ीश्याम निवासी छात्रा सोनी की हत्या का मामला भी चुनाव में मुद्दा बनाने की कोशिशें की गई थीं। बावजूद इसके कश्यप समाज के मतदाताओं में गठबंधन सेंध लगाने में अपेक्षित सफलता प्राप्त नहीं कर सका। यहां तक कि गांव गढ़ीश्याम में भी दो बूथों में से एक बूथ पर गठबंधन को चार और दूसरे बूथ पर पांच वोट ही प्राप्त हो सके, जबकि भाजपा को इन दोनों बूथों पर 1301 वोट प्राप्त हुए। यह बात अलग है कि गांव गढ़ी श्याम गुर्जर बहुल है और उसमें कश्यप बिरादरी के करीब 150 वोटर निवास करते हैं। इसी तरह झिंझाना क्षेत्र का गांव रजाकनगर भी कश्यप बहुल बताया जाता है। रजाकनगर में एक ही बूथ था, उस पर रालोद को महज 56 वोट मिले, जबकि भाजपा को 680 वोट प्राप्त हुए।
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दिसंबर 2017 में हुआ था सोनी हत्याकांड
कांधला थाना क्षेत्र के गांव गढ़ी श्याम निवासी 11 वीं छात्रा सोनी कश्यप की 13 दिसंबर 2017 को बलकटी से काटकर निर्मम हत्या कर दी गई थी। वारदात में गांव के ही गुर्जर बिरादरी के युवक सहित कई लोगों को आरोपी बनाया गया था। घटना को लेकर कश्यप समाज में उस दौरान आक्रोश व्याप्त हो गया था और करीब 10 दिन तक आंदोलन चले थे। वहीं, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपये सहायता राशि भिजवाई थी, तो भाजपा की तरफ से भी पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपये का चेक तत्कालीन सांसद हुकुम सिंह और जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने गांव में पहुंचकर सौंपा था। इसके अलावा पीड़ित परिवार को कृषि भूमि का पट्टा भी आवंटित किया गया था।
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