परौर (शाहजहांपुर)। परौर थाना क्षेत्र के कौमी गांव निवासी गुड्डू की पत्नी सीमा (55) की शुक्रवार सुबह करंट लगने से मौत हो गई। वह दूसरी मंजिल पर स्थित शौचालय गईं थीं। इस बीच बंदर को भगाने के दौरान उनका हाथ मकान के पास से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से छू गया। उनकी मौके पर ही झुलसकर मौत हो गई।
बड़े बेटे बशीर ने बताया कि उनके मकान में शौचालय दूसरी मंजिल पर बना हुआ है। शौचालय के पास से ही हाईटेंशन लाइन का तार गुजर रहा है। कई बार विद्युत निगम से तार हटाने के लिए शिकायत की गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। उन्होंने बताया कि शुक्रवार सुबह वह भाइयों के साथ खेत पर गए हुए थे।
मां सीमा अपनी बहू के साथ घर पर थीं। सुबह मां उठीं और दूसरी मंजिल पर बने शौचालय जा रहीं थीं। वहां देखा कि दीवार पर बंदरों का झुंड बैठा हुआ है। उन्होंने बंदरों को भगाया। इस बीच छज्जे के पास जाने पर उनका हाथ तार से छू गया। उनकी झुलसकर मौत हो गई। उनके कपड़े तक जल गए।
वहीं, तेज धमाके की आवाज सुनकर गांव के लोग अपने घरों से बाहर निकल आए। बहू छत पर गई तो देखा सीमा की मौत हो चुकी थी। इसके बाद खेत से लौटकर आए उनके बेटे मां के शव को देखकर बिलख पड़े। परिजनों ने बताया कि चार बेटे और दो बेटियां हैं। दो बेटों और दोनों बेटियों की शादी हो चुकी है।
वहीं, ग्रामीणों ने हाईटेंशन लाइन के तारों को लेकर नाराजगी जताई है। उनका कहना है कि अगर तार हट गए होते तो यह हादसा नहीं होता। इंस्पेक्टर राजेंद्र कुमार ने बताया कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट व तहरीर के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
कई बार शिकायत कर चुके हैं ग्रामीण
कौमी गांव में घरों के पास से गुजर रही विद्युत लाइन को लेकर ग्रामीण कई बार शिकायत कर चुके हैं। इसके बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई। वहीं, जलालाबाद के विद्युत निगम के अधिशासी अभियंता मुदित कुमार सोनकर ने बताया कि प्रकरण उनके संज्ञान में आया है। जांच के लिए सहायक अभियंता एवं अवर अभियंता को मौके पर भेजा गया है। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
तारबाड़ में छोड़े गए करंट की चपेट में आकर किशोरी की मौत
निगोही। सफौरा गांव में शुक्रवार की दोपहर फसलों को छुट्टा जानवरों से बचाने के लिए खेतों में की गई तारबाड़ में छोड़े गए करंट की चपेट में आकर किशोरी की मौत हो गई।
परिजनों के अनुसार, 13 वर्षीय रागिनी शुक्रवार दोपहर अपने पिता सत्यपाल के साथ खेत पर गई थी। खेलते हुए रागिनी लोहरगवां गांव के एक व्यक्ति के खेत पर चली गई। वहां निराश्रित पशुओं से फसलों की रखवाली के लिए लगाए गए तार से करंट लगने से बेहोश हाे गई। सत्यपाल ग्रामीणों की मदद से बेटी को निजी अस्पताल में लेकर गए।
वहां डॉक्टर ने किशोरी को मृत घोषित कर दिया। मां मुन्नी देवी रोते-रोते बेहाल हो गईं। परिवार के लोगों ने उन्हें संभाला। परिजनों ने बताया कि मृतका तीन भाई व तीन बहनों में छोटी थी। कार्यवाहक प्रभारी निरीक्षक अमित कुमार ने बताया कि सूचना पर किशोरी के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। अभी कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। संवाद
सीमा का फाइल फोटो। स्रोत: परिजन