सेहरामऊ दक्षिणी (शाहजहांपुर)। हरदोई रोड पर रविवार रात किसी वाहन की टक्कर लगने से घायल हुए बाइक सवार कहेलिया गांव निवासी 45 वर्षीय विजेंद्र की सोमवार रात राजकीय मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान मौत हो गई।
लखीमपुर खीरी जिले के थाना मैगलगंज क्षेत्र के फतेहपुर गांव निवासी राहुल ने बताया कि वह रविवार की सुबह अपने बहनोई विजेंद्र के घर पर आए थे। दोपहर बाद जीजा के साथ बाइक से हरदोई जिले के थाना शाहबाद गए। वहां भूसा भरवाने के बाद देर शाम बाइक से घर के लिए चल दिए। जैसे ही सेहरामऊ दक्षिणी थाना क्षेत्र में ढाबे के पास पहुंचे, पीछे से किसी वाहन की टक्कर लगने से बाइक चला रहे बहनोई विजेंद्र गंभीर रूप से घायल हो गए। उनको मामूली चोटें आईं।
इसके बाद जीजा को राजकीय मेडिकल कॉलेज लाकर भर्ती कराया गया। हालत गंभीर होने पर उन्हें बरेली रेफर कर दिया गया। हालत में कोई सुधार न होने पर सोमवार को जीजा को वापस लेकर फिर राजकीय मेडिकल कॉलेज आए। यहां जीजा की मौत हो गई। बीडीसी सदस्य राम देवी पति के शव को देख बिलख पड़ीं। परिजनों ने बताया कि उनकी दो बेटी व चार बेटे हैं।
ट्रेन से गिरकर घायल युवक की इलाज के दौरान मौत
तिलहर। दो दिन पहले घर आते वक्त ट्रेन से गिरकर गंभीर रूप से घायल हुए नगर के मोहल्ला घेरचौबा निवासी सलीम के पुत्र भोलू (26 वर्ष) की दिल्ली के एक अस्पताल में उपचार के दौरान मंगलवार को सुबह मौत हो गई।
दिल्ली के एक निजी संस्थान में कार्यरत सोनू गत रविवार को किसी ट्रेन से घर लौट रहा था। बरेली से पहले वह ट्रेन से गिरकर घायल हो गया। जीआरपी ने उसे सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। वहां उसकी तबीयत बिगड़ने पर घरवालों ने उसे बरेली के निजी अस्पताल भर्ती कराया। डाॅक्टर ने उसे दिल्ली रेफर कर दिया, लेकिन वहां उसकी मौत हो गई। उसकी छह साल पहले शादी हुई थी। वह अपने पीछे पत्नी समेत पांच वर्षीय बेटा छोड़ गया है। मौत की खबर मिलते ही सोनू के घर में कोहराम मच गया। संवाद
जैतीपुर के युवक की झारखंड में कुएं में गिरकर मौत
जैतीपुर। झारखंड के धनबाद जिले में मजदूरी करने गए लालपुर बड़ागांव के अरुण कुमार (35 वर्ष) की सोमवार रात वहां पीने के लिए पानी निकालते समय कुएं में गिरकर मौत हो गई। साथ गए लोगों ने पूरी रात उनकी तलाश की और सुबह उनका शव कुएं में उतराता दिखा। सूचना मिलते ही उनके सभी परिजन बदहवास हो गए। परिजनों के अनुसार अरुण वहां बिजली की वायरिंग का काम करने गए थे। उनकी मौत से पिता मोरपाल, पत्नी आरती, बेटी पूनम व शबनम और बेटे आलोक, प्रवेश आदि का रो-रोकर बुरा हाल हो गया है। संवाद