शाहजहांपुर। जन अधिकार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व कैबिनेट मंत्री बाबू सिंह कुशवाहा ने मंगलवार को मदनापुर के बुधवाना गांव में जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने पुरानी पेंशन को लेकर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तंज कसा, साथ ही कानून व्यवस्था और महंगाई को लेकर भाजपा को कटघरे में खड़ा किया।
मंगलवार दोपहर भागीदारी परिवर्तन मोर्चा व जन अधिकार पार्टी के कटरा विधानसभा से संयुक्त प्रत्याशी राजवीर सिंह कुशवाहा के समर्थन में हुई सभा में बाबू सिंह कुशवाहा ने सीतापुर में मौर्या समाज की दो बेटियों के साथ दुराचार की घटना का जिक्र करते हुए भाजपा को घेरा। उन्होंने कहा कि सत्ता पक्ष के कारण कार्रवाई नहीं हो पाई। उन्होंने आमजन से अपील की है कि इंसाफ चाहिए तो अपना वोट अपने आदमी को दीजिए। जो किसान के बीच का आदमी हो और गरीबों का दर्द समझता हो। बाबू सिंह कुशवाहा ने कहा कि जब बड़े आदमी को जिताकर भेजेंगे तो बड़े लोगों के साथ खड़ा हो जाएगा। उन्होंने कहा कि सपा के लोग पुरानी पेंशन को लेकर श्रेय लेना चाहते हैं। जब अटल बिहारी वाजपेयी ने प्रधानमंत्री रहते हुए पुरानी पेंशन को समाप्त करने की घोषणा की थी। उस समय उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव ने सबसे पहले पेंशन को खत्म कर दिया था। योगेंद्र शाक्य के संचालन में हुई सभा में जिलाध्यक्ष हरनाम कुशवाहा, मोहम्मद अजहर, जितेंद्र कुशवाहा, कृष्ण पाल सिंह कुशवाहा, धर्मेंद्र कुशवाहा, राम निवास कुशवाहा, डॉ. सर्वेश आदि मौजूद रहे।
कुशवाहा को करना पड़ा कई घंटे इंतजार
शाहजहांपुर। पूर्व कैबिनेट मंत्री बाबू सिंह कुशवाहा की सभा 1.20 मिनट पर खत्म हो गई। वह हेलिकॉप्टर में बैठकर इंतजार करते रहे। उनका कासगंज पहुंचने का कार्यक्रम था लेकिन वहां प्रशासन द्वारा अनुमति न देने के चलते वह रुके रहे। विधि प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष चंद्रसेन पाल ने बताया कि अनुमति मिलने की प्रक्रिया चल रही थी, लेकिन प्रशासन से देर शाम तक अनुमति नहीं मिल सकी। इसके चलते बाबू सिंह कुशवाहा शाम पांच बजे लखनऊ वापस हो गए।
ओवैसी का प्रोग्राम निरस्त
-मदनापुर में सभा में बाबू सिंह कुशवाहा के साथ असदउद्दीन ओवैसी के आने का कार्यक्रम था, लेकिन ऐन मौके पर उनका प्रोग्राम निरस्त हो गया।