बरदहिया में नाले पर दुकानदारों का कब्जा
हाईवे की सर्विस लेन पर वाहनों को खड़ा कर सामान लोड करते हैं व्यापारी
प्रशासन ने पूर्व में समस्या को दूर करने की थी पहल
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीनगर। खलीलाबाद के बरदहिया बाजार में नेशनल हाईवे के किनारे नगर पालिका के नाले पर दुकानदारों ने मिट्टी पाटकर कब्जा कर लिया है। इतना ही नहीं नाले के ऊपर ही दुकान लगा देते हैं। इससे आए दिन हाईवे के सर्विस रोड पर जाम की समस्या उत्पन्न हो रही है। इसके साथ ही शहर की जल निकासी की व्यवस्था भी ठप हो गई है। रविवार को लगे जाम से करीब आधे घंटे तक राहगीर जूझते नजर आए। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस समस्या से निजात दिलाने की मांग की।
बरदहिया बाजार पूर्वांचल की सबसे बड़ी कपड़े की मंडी है। यह बाजार शनिवार की रात से सोमवार की रात तक लगती है। इसमें हरियाणा, नेपाल, बिहार समेत अन्य प्रदेशों के व्यापारी कपड़े की खरीदारी करने आते हैं। बाजार खुले में लगती है। नेशनल हाईवे के किनारे सर्विस लेन के पास बने नगर पालिका के नाले को कुछ व्यापारियों ने पाट दिया है और उसी के ऊपर दुकानें लगाते हैं। इससे नाला जाम हो गया है। बारिश के मौसम में शहर में जल निकासी की समस्या उत्पन्न हो गई थी। इसके साथ ही नाले पर दुकान लगने से जाम की समस्या उत्पन्न हो रही है। बाहर से आने वाले व्यापारी अपने वाहनों को सड़क पर ही खड़ा कर दे रहे हैं और खरीदे हुए सामान को वहीं पर वाहन में लोड करते हैं। इससे जाम लग जाता है। रविवार को करीब आधे घंटे तक जाम की समस्या बनी रही। आठ माह पूर्व डीएम दिव्या मित्तल ने आदेश जारी कर सड़क की पटरी पर दुकान लगाने वालों को चेतावनी दी थी। उसके बाद तत्कालीन एडीएम संजय पांडेय ने एआरटीओ, ईओ और यातायात पुलिस के साथ मौके का भ्रमण कर समस्या का समाधान कराया था। इसके साथ ही पुलिस कर्मियों की ड्यूटी भी लगाई जाती रही। इससे कुछ हद तक जाम की समस्या से निजात मिल गई थी। इधर, फिर वही समस्या उत्पन्न हो गई है। एडीएम मनोज कुमार सिंह ने बताया कि मौके की स्थिति को देखेंगे और समस्या समाप्त कराने की दिशा में पहल करेंगे।
कोट
नाले को पाटकर जल निकासी को अवरुद्ध करना कत्तई उचित नहीं है। हाईवे की सर्विस लेन पर जाम न लगे और लोगों को परेशानी न हो, इस दिशा में कदम उठाया जाएगा। व्यापारी अपना कारोबार भी ठीक ढंग से कर सकें, इसका भी ध्यान रखा जाएगा। एडीएम के नेतृत्व में एआरटीओ, टीआई और नगर पालिका के ईओ को मौके की स्थिति जांचने को भेजा जाएगा। ताकि समस्या का समाधान कराया जा सके।
-दिव्या मित्तल, डीएम