एएसपी ने कहा था सैयद सालार मसूद गाजी की याद में आयोजन नहीं होगा
सोमवार को एएसपी श्रीश्चंद्र ने नेजा मेला कमेटी से कहा था कि सैयद सालार मसूद गाजी हत्यारा और लुटेरा था। महमूद गजनवी का भांजा था और सोमनाथ मंदिर को लूटा था। उसके अलावा भी हत्याएं और लूट की थी। उसकी याद में कोई आयोजन देशभर में नहीं होगा। इसकी अनुमति नहीं दी जाएगी। इसके बाद प्रशासन ने भी मेले की अनुमति देने से इनकार कर दिया है।
पालिका ने पिछले वर्ष 15.10 लाख रुपये में दिया था ठेका, इस बार 15.20 लाख रुपये में तय हुआ था
नेजा मेले के आयोजन से नगर पालिका को भी 15 लाख रुपये से ज्यादा की कमाई ठेका देने में होती थी। क्योंकि सारी व्यवस्थाएं नगर पालिका द्वारा ही संभाली जाती थीं। पालिका के मैदान में ही खेल खिलौने और झूले आदि को लगाया जाता था। पालिका चेयरमैन के पति चौधरी मुशीर ने बताया कि पिछले वर्ष 15.10 लाख रुपये का ठेका पालिका द्वारा दिया गया था।
इस बार 15.20 लाख रुपये का ठेका तय हो गया था। प्रक्रिया को पूरा कराया जा रहा था, लेकिन अब पुलिस प्रशासन ने मेले की अनुमति देने से इन्कार किया है तो ठेका नहीं हो सकता है। दरअसल नेजा मेले की अनुमति नहीं दिए जाने से पालिका संभल और ग्राम पंचायत शहबाजपुर सूरा नगला को राजस्व की हानि हुई है। वहीं कई करोड़ का कारोबार भी प्रभावित हुआ है।