संभल। मुंबई से फाइनेंस पर निकाली गई कार की किस्तें जमा नहीं की र्गइं। बैंक ने कार ट्रेस की तो संभल में लोकेशन मिली। इसी आधार पर फाइनेंस करने वाली बैंक के कर्मचारी संभल कोतवाली पहुंच गए। कार जिस व्यक्ति के पास है उसको बुलाया गया। बैंक कर्मचारियों के अनुसार ठगी का मामला है।
बुधवार को संभल पहुंचे बैंक कर्मचारियों ने बताया कि 2020 में मुंबई निवासी एक व्यक्ति ने स्कॉर्पियो कार फाइनेंस कराई थी। कार फाइनेंस कराने के बाद कोई किस्त जमा नहीं की गई। कार मालिक का जो नाम पता था वह भी नहीं मिला। फर्जी दस्तावेज होने का अंदेशा हुआ तो कार की लोकेशन ट्रेस की गई। इसके आधार पर कार संभल में होने की पुष्टि हुई। इसी आधार पर संभल पहुंचे हैं।
बैंक कर्मचारियों ने कार मिलने की जानकारी अपने वरिष्ठ अधिकारियों को दी है। वहीं जिस व्यक्ति के पास संभल के चमन सराय में कार मिली है उसका कहना है कि उसने रुपये देकर कार खरीदी है। संभल कोतवाली पुलिस को अब बैंक के वरिष्ठ अधिकारियों के आने का इंतजार है। उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
कोतवाल रविंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि फाइनेंस पर कार खरीदने का मामला है। मुंबई की एक बैंक के कर्मचारी आए हैं। वरिष्ठ अधिकारियों के आने का इंतजार कर रहे हैं। उनके आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।