फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी: संतान न हुई तो रची कहानी, नवजात चोरी कर घर सजाया, पड़ोसियों से कहा- बेटा हुआ है; आरोपी महिला गिरफ्तार

Thu, 24 Sep 2026 11:16 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर

सार

सहारनपुर के जिला महिला अस्पताल से चोरी किए गए नवजात को पुलिस ने सकुशल बरामद कर परिजनों को सौंप दिया। पुलिस के अनुसार आरोपी महिला ने संतान नहीं होने के कारण बच्चे को चोरी किया और घर ले जाकर पड़ोसियों को उसके जन्म की जानकारी दी।
विज्ञापन
सीसीटीवी में कैद हुई महिला - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सहारनपुर जिला महिला अस्पताल से सोमवार को चोरी किए गए नवजात को पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है। मामले में पुलिस ने आरोपी महिला आशु को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने नवजात की अस्पताल में भर्ती उसकी मां शबाना से पहचान कराई और इसके बाद बच्चे को परिजनों के सुपुर्द कर दिया। पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपी महिला ने संतान नहीं होने के कारण नवजात को चोरी करने की बात स्वीकार की है।

विज्ञापन


टीका लगवाने के बहाने ले गई थी बच्चा
देहात कोतवाली क्षेत्र के गांव शेखपुरा कदीम निवासी नाजिम की पत्नी शबाना ने रविवार रात बच्चे को जन्म दिया था। सोमवार को नाजिम बच्चे को टीका लगवाने के लिए ऑपरेशन थिएटर के पास पहुंचा था। इसी दौरान एक महिला ने खुद को अस्पताल का स्टाफ बताया और नाजिम से बच्चे को ले लिया।

महिला ने नाजिम को टीके का कार्ड लेने के लिए वार्ड में भेज दिया। नाजिम जब वापस लौटा तो वहां न महिला थी और न ही उसका बच्चा। इसके बाद उसने अस्पताल प्रशासन को सूचना दी।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: मेरठ: मेडा सचिव पर गिरी गाज, सीलिंग के आदेश के बाद बेचैनी, उल्देपुर में बुलडोजर लेकर नहीं घुस पाई टीम

सीसीटीवी से आरोपी तक पहुंची पुलिस
नवजात की तलाश में थाना जनकपुरी और एसओजी की टीमें लगाई गईं। पुलिस ने अस्पताल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से महिला की तलाश शुरू की। पुलिस के अनुसार महिला की आखिरी लोकेशन हरिद्वार जिले के बहादराबाद में एक अस्पताल के बाहर मिली।

इसके बाद पुलिस ने जांच आगे बढ़ाई और बुधवार देर रात आरोपी महिला आशु को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस को नवजात भी सकुशल मिल गया।

मां से पहचान कराने के बाद सौंपा नवजात
नवजात को बरामद करने के बाद पुलिस ने जिला महिला अस्पताल में भर्ती उसकी मां शबाना से उसकी पहचान कराई। पहचान की प्रक्रिया पूरी होने के बाद नवजात को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।

कई दिन अस्पताल में रेकी करने का दावा
पुलिस जांच के अनुसार तीतरों कस्बा निवासी आशु की शादी फतेहपुर थाना क्षेत्र निवासी सोनू से हुई थी। उसके तीन बच्चे हैं, जिनमें दो बेटियां और एक बेटा है। दोनों बेटियों की शादी हो चुकी है। पुलिस के अनुसार बाद में आशु अपने पति से अलग हो गई और भगवानपुर स्थित एक निजी कंपनी में नौकरी करने लगी।

पुलिस जांच में सामने आया कि इसी दौरान उसकी मुलाकात अंकुर नाम के युवक से हुई। दोनों करीब पांच साल से साथ रह रहे थे, लेकिन उनकी कोई संतान नहीं हुई। पुलिस के अनुसार इसके बाद आशु ने नवजात चोरी करने की योजना बनाई।

पुलिस का कहना है कि आरोपी महिला ने जिला महिला अस्पताल पहुंचकर कई दिनों तक रेकी की। इसके बाद उसने अस्पताल के स्टाफ से मिलती-जुलती ड्रेस ली और खुद को अस्पताल का कर्मचारी बताते हुए नवजात के साथ खड़े नाजिम से बच्चे को टीका लगवाने के लिए ले लिया।
विज्ञापन

बच्चे को घर ले जाकर मनाई खुशी
पुलिस के अनुसार नवजात को अस्पताल से ले जाने के बाद आरोपी महिला बहादराबाद पहुंची। वहां उसने बच्चे के घर आने की खुशी में घर सजाया और पड़ोसियों को बताया कि उसके बेटा हुआ है। पुलिस की जांच और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर महिला तक पहुंचने के बाद नवजात को बरामद कर लिया गया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें