स्कूल बस की जांच करते संभागीय परिवहन विभाग के अधिकारी।
- फोटो : SAHARANPUR
सहारनपुर। संभागीय परिवहन विभाग ने अमर उजाला में प्रकाशित खबर का संज्ञान लेते हुए शुक्रवार को स्कूलों की बसों की चैकिंग का अभियान चलाया। विभागीय टीम ने विभिन्न स्थानों पर 24 स्कूली बसों को रुकवा कर जांच की। इस दौरान कई खामी पाए जाने पर तीन अनफिट बसों का चालान किया।
मोदीनगर में स्कूली बस में सवार छात्र अनुराग की खिड़की से बाहर सिर निकालने पर लोहे के गेट से टकरा कर हुई मौत से हर कोई आहत है। लोगों को जागरुक करने के लिए बृहस्पतिवार को अमर उजाला ने यहां महानगर में स्कूली बसों में बच्चों के आने आने की पड़ताल की थी। जिसमें पाया गया कि स्कूलों बसों में बच्चों का सफर सुरक्षित नहीं है। कई बसों में स्कूल कर्मचारी नहीं मिले। कई बसों में बच्चे खिड़की से सिर और हाथ बाहर निकाले हुए पाए गए। बच्चे बस के गेट पर खड़े होकर सफर करते मिले। अमर उजाला में प्रकाशित खबर का संज्ञान लेते हुए शुक्रवार को संभागीय परिवहन विभाग जागा और स्कूली बसों की जांच पड़ताल की। आरटीओ प्रवर्तन राधेश्याम के नेतृत्व में यात्री कर अधिकारी केएन पांडे की टीम ने महानगर और देहात में अभियान चला कर स्कूल से बच्चों को लेकर लौट रही बसों को चेक किया। इस दौरान 24 बसों की जांच की गई। जिनमें तीन बस बिना फिटनेस की दौड़ती मिली। इस बसों में सीसीटीवी नहीं था, सीट बेल्ट भी नहीं थी। यहां तक की फर्स्ट एड बॉक्स भी नहीं था। टीम ने तीनों बसों का चालान कर दिया। आरटीओ ने बताया कि यह अभियान लगातार जारी रहेगा।
स्कूली बस की जांच करते संभागीय परिवहन विभाग के अधिकारी।- फोटो : SAHARANPUR