सहारनपुर। एसबीडी जिला अस्पताल के वरिष्ठ नेत्र सर्जन डॉ. रामानंद और एचएवी इंटर कॉलेज की शिक्षिका अंजू के पुत्र दिव्यांश की मेरठ में सड़क हादसे में मौत होने से परिवार में कोहराम मचा है। वह लाला लाजपत राय मेडिकल कॉलेज मेरठ का एमबीबीएस का चौथे वर्ष का छात्र था। बेटे मौत की सूचना मिलने पर परिजन मेरठ चले गए हैं। वहीं चिकित्सा विभाग में शोक की लहर है। चिकित्सक के बेटे के मौत की खबर मिलने पर जिला चिकित्सालय में बुधवार को ओपीडी स्थगित कर दी गई।
डॉ. रामानंद मूल रूप से मेरठ के ही रहने वाले हैं, जो लंबे समय से एसबीडी जिला अस्पताल में नेत्र सर्जन के पद पर कार्यरत हैं। उनकी पत्नी अंजू एचएवी इंटर कॉलेज में शिक्षिका हैं। छोटा बेटा आकाश पढ़ रहा है। वे यहां आईटीसी रोड स्थित अशोक विहार में रहते हैं। उनका बड़ा बेटा दिव्यांश एक होनहार छात्र रहा है, जिसका पहले ही प्रयास में एमबीबीएस के लिए चयन हुआ था। वह चार साल से एलएलआर मेडिकल कॉलेज मेरठ में रहकर एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहा था। मंगलवार की रात वह दोस्तों के साथ कार से सफर कर रहे थे। मेरठ में ही कार पहले डिवाइडर से टकराई, जिसके बाद दूसरी साइड में जाकर पेट्रोल पंप की दीवार से टकराई, जिससे दीवार भी गिर गई। दिव्यांश और एक अन्य छात्र की मौके पर ही मौत हो गई। दिव्यांश के पिता और मां सूचना मिलते ही मेरठ के लिए निकल गए थे।
बुधवार को दुखद सूचना मिलते ही चिकित्सा विभाग में शोक छा गया। ओपीडी स्थगित कर दी गई। प्रमुख अधीक्षक डॉ. आभा वर्मा की मौजूदगी में दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई। जिला अस्पताल से वरिष्ठ लिपिक देव कुमार, डॉ. बीएस सोढ़ी, डॉ. अरविंद चौधरी, मैनेजर विक्रांत तिवारी, डॉ. केवी सिंह, डॉ. नरेश सैनी, डॉ. अर्जुन सिंह डॉ. हेमंत रस्तोगी, डॉ. शिवेंद्र सिंह, डॉ. जी रहमान, डॉ. रमेश चंद्रा, डॉ. अनुज कुमार, डॉ. राजकुमार, डॉ. पंकज, डॉ. योगेश शोक संतप्त परिवार को सांत्वना देने पहुंचे।