सहारनपुर। लड़कियां स्वयं को कमजोर न समझें, आगे बढ़ें और समाज का सिर उठाकर सामना करें। समाज की चुनौतियों को स्वीकार करें और अपनी न सिर्फ उपयोगिता को साबित करें बल्कि अपनी प्रतिभा को प्रदर्शित कर उन लोगों को आइना दिखाएं, जो लड़कियों को अभी भी पीछे समझते हैं। अपने आत्मविश्वास को अपनी ताकत बनाएं और अपराजिता बनकर दुनियां में अपना लोहा मनवाएं।
बालिका सुरक्षा जागरूकता अभियान और अमर उजाला की अनूठी मुहिम अपराजिता के तहत शहर के श्री दिगंबर जैन कन्या इंटर कॉलेज में कार्यक्रम का आयोजन हुआ। राजकीय इंटर कॉलेज देवला की अध्यापिका रजनी वर्मा ने कहा कि छात्राओं को स्वयं की सुरक्षा के लिए जागरूक होना पड़ेगा। शासन ने कई योजनाएं चलाईं हैं। पैदा होने से लेकर बेटी की शादी तक के लिए सरकार साथ है। पढ़ाई के लिए, सुरक्षा के लिए हर कदम पर सहायता के लिए तैयार है। बालिकाएं आत्मविश्वास के साथ कदम आगे बढ़ाएं और छू लें आसमान।
अध्यापिका डाक्टर सुमन यादव ने कहा कि परिवारों में अब लड़कियों के प्रति भेदभाव की भावना खत्म होती जा रही है। लड़कियों को भी खूब पढ़ाया जा रहा है। गुड टच और बैड टच के बारे में छात्राओं को बताया। कार्यक्रम में नीलम पुंडीर, निधि जैन, दीप्ति, प्रतिमा, रीना, ऊषा त्यागी, बिंदु समेत अनेक अध्यापिकाएं मौजूद रहीं।
मानसिक रूप से मजबूत बनें छात्राएं : प्रधानाचार्या
प्रधानाचार्या डाक्टर पूजा मलिक ने कहा कि छात्राएं मानसिक रूप से मजबूत बनें, किसी से डरें नहीं, हर क्षेत्र में लड़कियों ने अपनी छाप छोड़ी है। अपने लक्ष्य की ओर ध्यान दें, रास्ते में अड़चनें बहुत आएंगीं, लेकिन बिना डरे अपनी मंजिल पाना है।
हम में है विश्वास
छात्रा अदीबा कहती हैं कि लक्ष्य निर्धारित है। हर परिस्थिति का सामना कर सकती हैं। उनके घर में लड़कियों को पढ़ने के लिए प्रेरित किया जाता है।
छात्रा ईशा कश्यप कहती हैं कि उनके परिवार में लड़कियों को भी उतना ही महत्व देते हैं, जितना लड़कों को। परिवार के लोग चाहते हैं वह खूब पढ़े।
छात्रा गुलनाज का कहना है कि परिवार का पूरा सहयोग है। हमें अपने खुद पर पूरा विश्वास है।
छात्रा अंशरा कहती हैं कि छात्राएं किसी से कम नहीं हैं। उन्हें अवसर मिले तो वह भी हर जगह अपने आपको साबित कर सकतीं हैं।
छात्रा शाइस्ता कहती हैं कि मैं किसी भी मुश्किल का सामना कर सकती हूं। मैं अपने परिवार का नाम रोशन करेगी।