सहारनपुर। उत्तरप्रदेशीय मिनिस्ट्रीयल कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ से जुडे़ कुछ कर्मचारियों ने जिला संगठन की नई कार्यकारिणी बनाने की प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि नई कार्यकारिणी के चुुनाव के लिए ना तो कोई घोषणा की गई और ना ही बैठक का आयोजन किया गया।
कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ से जुडे़ वरिष्ठ सहायक नवनीत और पारस सहित अन्य कई कर्मचारियों ने इस बारे में उत्तर प्रदेशीय मिनिस्ट्रीयल कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ के प्रांतीय अध्यक्ष और महामंत्री को ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में उन्होंने कहा कि संगठन की जिला कार्यकारिणी का कार्यकाल नौ जुलाई 2021 को पूर्ण हो गया था। इसके बाद न तो कार्यकारिणी को भंग किया गया और ना ही नई कार्यकारिणी के चुनाव की घोषणा की गई। आरोप लगाया कि कलक्ट्रेट के कुछ कर्मियों को बुलाकर सर्वसम्मति बताते हुए कार्यकारिणी की घोषणा कर दी गई, साथ ही कार्यकारिणी का कार्यकाल का दो वर्ष बढ़ाने की सूचना भी जारी कर दी गई, जबकि संगठन के संविधान के अनुसार सिर्फ छह माह का कार्यकाल ही बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने नई कार्यकारिणी को मान्यता नहीं दिए जाने और चुनाव कराने की मांग की। उधर, जिलाध्यक्ष संजय शर्मा का कहना है कि नई कार्यकारिणी की घोषणा सर्वसम्मति के आधार पर की गई है। उस समय बैठक में सभी कर्मचारी उपस्थित थे।