सहारनपुर। मोक्षायतन अंतरराष्ट्रीय योगाश्रम, राष्ट्रवंदना मिशन और नेशन बिल्डर्स एकेडमी के छात्रों ने संयुक्त रूप से रविवार को नेताजी सुभाषचंद्र बोस की जयंती को पराक्रम दिवस के रूप में मनाया। इसमें प्रार्थना मंत्र से यज्ञ में विशेष आहुतियां दी गई।
रविवार को नेशनल बिल्डर्स एकेडमी परिसर में आयोजित कार्यक्रम में योग साधकों एवं छात्रों ने प्रतिदिन सुबह मातृभूमि को नमन करने के साथ ही राष्ट्रगान गाने और मिलने या फोन पर वार्ता के समय हेलो की बजाए वंदे मातरम एवं वार्ता समाप्त होने पर जयहिंद कहने का संकल्प लिया। योग गुरू पद्मश्री स्वामी भारत भूषण ने कहा कि नेताजी सुभाषचंद्र बोस सरीखे महामानव को तो पराक्रम दिखाकर ही सही से याद किया जा सकता है। वे ब्रिटिश साम्राज्य की आंखों में धूल झोंककर गुलाम भारत से बाहर गए और दुनिया भर का समर्थन प्राप्त किया। उन्होंने विदेश में ही आजाद हिंद सेना बनाई और हमला करके पूर्वोत्तर के बड़े भूभाग पर कब्जा किया। उन्होंने स्वतंत्र भारत की पहली सरकार बनाई और राष्ट्रध्वज भी लहराया। योग गुरु ने युवाओं से अपनी कमजोरियों से लड़ने का पराक्रम दिखाने का आह्वान किया। कार्यकारी सचिव एनके शर्मा आदि ने भी विचार रखे। कार्यक्रम में पराक्रम एवं प्राणशक्ति की प्रतीक शंख ध्वनि की प्रतियोगिता भी हुई। जिसमें वरिष्ठ वर्ग में एनके शर्मा, ललित वाधवा एवं योगाचार्या अनीता शर्मा और कनिष्ठ वर्ग में विजय सुखीजा, डॉक्टर आरके यादव एवं राजेश अरोरा क्रमश: पहले दूसरे व तीसरे स्थान पर रहे।