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कर वसूली में खेल, छोटे पर सितम, बड़े बकायेदारों से मेल

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नगर निगम गृह जलकर कार्यालय - फोटो : SAHARANPUR
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सहारनपुर। कर वसूली में नगर निगम के अधिकारी मनमाने तरीके से खेल कर रहे हैं। एक ओर जहां 50 हजार रुपये तक के बकायेदारों के भवनों को सील करने के साथ ही कुर्की के नोटिस तक चस्पा किए जा रहे हैं। यहां तक स्कूलों तक को सील किया जा रहा है, लेकिन 50 लाख रुपये तक के बकायेदार होटल स्वामियों के प्रति सहानुभूति दिखाई जा रही है, जिससे निगम के अधिकारियों की कार्रवाई सवालों के घेरे में है।
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मार्च का महीना चल रहा है। ऐसे में नगर निगम ने गृह, जल और सीवर कर के बकायेदारों से वसूली का अभियान छेड़ा हुआ है। 50 हजार रुपये या उससे अधिक के बकायेदारों के भवनों पर सील की कार्रवाई की जा रही है। प्रतिदिन सौ से अधिक घरों पर कुर्की के नोटिस चस्पा किए जा रहे हैं, लेकिन सवाल यह है कि यदि 50 हजार रुपये तक के बकायेदारों के भवनों को सील या फिर कुर्की के नोटिस चस्पा किए जा सकते हैं तो 50 लाख रुपये तक के बड़ेे बकायेदार होटल स्वामियों को छूट क्यों दी जा रही है। घंटाघर स्थित एक होटल पर करीब 50 लाख रुपये का कर बकाया है, जिसके प्रति कर विभाग के अधिकारी सहानुभूति दिखा रहे हैं। शहर में ऐसे कई व्यावसायिक भवन हैं, जिनको छूट दी जा रही है, जबकि स्कूलों तक को सील किया जा रहा है। सप्ताह भर पहले गलीरा रोड पर एक स्कूल को सील कर दिया गया यह सोचे बिना कि कल बच्चों की पढ़ाई का क्या होगा। हालांकि स्कूल स्वामी ने तुरंत कर जमा कराकर सील खुलवा ली।
कई भवनों की फाइलें होती रहीं गायब
फरवरी 2019 में दिल्ली रोड स्थित एक होटल के कर निर्धारण में गड़बड़ी का मामला सामने आया था। जब नगरायुक्त ज्ञानेंद्र सिंह ने उक्त होटल की फाइल पेश करने के निर्देश दिए तो फाइल ही गायब कर दी गई थी। मामले में नगरायुक्त ने फाइल की गुमशुदगी की रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी। जिसके तुरंत बाद 20 फरवरी को फाइल मुख्य कर निर्धारण अधिकारी के दफ्तर में फर्श पर पड़ी मिली थी। इससे पहले फरवरी 2019 ही में 62 फुट रोड क्षेत्र में बने बैंक्वेट हॉलों की फाइल गायब हुई थी। 62 फुटा रोड पर वर्तमान में भी कई बैंक्वेट हॉल बिना कर चुकाए चल रहे हैं। कइयों के कर निर्धारण में भारी अनियमितता की शिकायत है।
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अभी तक नहीं मिला चेक
जनवरी 2019 में नगर निगम कर्मियों ने महानगर के होटल संचालकों और अन्य बड़े बकायेदारों से टैक्स वसूली के बाद बैंक में 10.5 लाख रुपये के चेक जमा करने के लिए भेजे थे, जो नगर निगम और होटल के बीच ही में कहीं गायब हो गए थे।
घंटाघर स्थित जिस होटल पर 50 लाख रुपये बकाया होने की बात कही जा रही है वह होटल कई साल से बंद चल रहा है। जब होटल बंद है तो ऐसे में वह कहां से कर चुकाएगा। हालांकि कई बार कर जमा कराने के लिए नोटिस भेजे गए हैं। बड़े बकायेदारों पर भी कार्रवाई की जाएगी।
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विनय कुमार शर्मा, कर अधीक्षक।
समाचार संख्या 05 का जोड़
मार्च माह में हुई बड़ी कार्रवाई
तिथि सील भवनों की संख्या कुर्की के नोटिस
23 मार्च 06 112
16 मार्च 08 50
13 मार्च 04 40
11 मार्च 02 50 से अधिक
04 मार्च 01 25
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