तीतरो (सहारनपुर)। बुखार के बढ़ते प्रकोप के चलते गांव तबर्रकपुर में एक महिला की मौत हो गई, जबकि बीस से ज्यादा लोग बुखार की चपेट में हैं। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाकर जिलाधिकारी से उपचार दिलाने की मांग की है।
तीतरो के गांव तबर्रकपुर में बुखार जमकर कहर बरपा रहा है। बुधवार की देर रात्रि प्रेमलता (50) पत्नी गजेसिंह की बुखार के चलते मौत हो गई। परिजनों का कहना है कि पिछले चार दिनों से महिला को बुखार आ रहा था जिसका उपचार स्थानीय स्तर पर प्राइवेट चिकित्सकों से कराया जा रहा था। महिला की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया। गांव के अमन, अनुज, अनिल, मोनू, लील्लू, आदित्य, मोहित, शीतल, बालकिशन, सीमा, नीटू, सतीश, मुकेश, सुमन, कुसुम, निर्दोश, अंश, अकुंश, बॉबी, पप्पू, कमलेश सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण बुखार से पीड़ित हैं। निजी लैब में रक्त की जांच के बाद इनमें डेंगू जैसे लक्षण बताए जा रहे हैं। इसके अलावा गांव में वायरल, मलेरिया बुखार से भी जूझ रहे हैं। बुखार से पीड़ित मरीजों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में आकर औपचारिकता निभाई है। मरीजों को मात्र पैरासिटामॉल की गोली देकर स्वास्थ्यकर्मी चले गए।
उधर, सीएचसी के चिकित्साप्रभारी डॉ. रोहित वालिया का कहना है कि गांव में चार दिन पहले टीम भेजी गई थी। कुछ रोगियों के रक्त के नमूने भी लिए गए थे। फिर से टीम को गांव में भेज कर बुखार के कारणों की जांच करा मरीजों का उपचार कराया जाएगा।