सहारनपुर। गर्मी के पहले ही माह में जिले के 390 ट्रांसफार्मर दम तोड़ गए। बार-बार ट्रांसफार्मर के फुंकने से गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं। सबसे अधिक 25केवीए ट्रांसफार्मर खराब हो रहे हैं।
गर्मी के तेवर बढ़ते ही ट्रांसफार्मर पर लोड बढ़ने लगा है। ओवरलोड होने एवं अन्य कारणों के चलते ट्रांसफार्मर फुंक रहे हैं। ट्रांसफार्मरों के खराब होने से उपभोक्ताओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जिले में अप्रैल में 390 ट्रांसफार्मर फुंक गए। अभी गर्मी का सीजन शुरू ही हुआ है। मई, जून और जुलाई बाकी है। ऐसे में इन महीनों में क्या होगा। इसे लेकर अधिकारी चिंतित हैं। सबसे अधिक ट्रांसफार्मर देहात क्षेत्र में फुंके हैं, इनमें बेहट में 29, देवबंद में 54 ट्रांसफार्मर खराब हुए हैं।
रामपुर मनिहारान में 52, नकुड़ में 39 ट्रांसफार्मर अप्रैल में फुंक गए। ये सभी ट्रांसफार्मर 25केवीए क्षमता के हैं। जो कि अधिकतर मोहल्लों में लगाए जाते हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों में ट्रांसफार्मर फुंकने से सिंचाई भी प्रभावित हो रही है। ऐसा नहीं है कि विद्युत निगम खराब ट्रांसफार्मर को बदल नहीं रहा है, जितने ट्रांसफार्मर खराब हुए हैं उससे अधिक 396 ट्रांसफार्मर विद्युत निगम ने बदले हैं, लेकिन एक ट्रांसफार्मर बदलने में आमतौर पर शहरी क्षेत्र में आठ तो ग्रामीण क्षेत्र में 48 घंटे लगते हैं। विद्युत निगम के मुख्य अभियंता ने बताया कि खराब ट्रांसफार्मर को जांच के बाद बदलवाया जा रहा है।