जिला पंचायत अध्यक्ष लाखन सिंह न्यायिक अफसर की निगरानी में विश्वास मत हासिल करेंगे। 21 सदस्यों द्वारा अविश्वास प्रस्ताव लाने की घोषणा के बाद प्रशासन ने अगली कार्रवाई को लेकर माथापच्ची शुरू कर दी है। जल्द ही अब जिला पंचायत की बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें न्यायिक अफसर की निगरानी में विश्वासमत हासिल करना होगा। इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
जिला पंचायत अध्यक्ष के खिलाफ भाजपा द्वारा तख्ता पलट की योजना को यूं तो पिछले कई दिन से मूर्त रूप दिया जा रहा था, लेकिन बुधवार को जिस तरह सदस्यों की मीटिंग हुई और फिर अविश्वास प्रस्ताव डीएम के सामने पेश कर दिया गया उसके बाद से लाखन सिंह के खेमे में भी खलबली मच गई है। अब लाखन को कुर्सी बचाने के लिए न्यायिक अफसर की मौजूदगी में ही अपना समर्थन हासिल करना होगा। प्रशासन ने बागी सदस्यों द्वारा पेश किए गए अविश्वास प्रस्ताव के बाद आगे की रणनीति तैयार कर ली है।
तैयार किए गए प्लान के मुताबिक जल्द ही जिला पंचायत बोर्ड की बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें जिला पंचायत अध्यक्ष को अपना बहुमत हासिल करना होगा। यह बैठक किसी भी न्यायिक अफसर की निगरानी में होगी। जिलाधिकारी शिव सहाय अवस्थी ने बताया कि न्यायिक अफसर की तैनाती के लिए जिला जज को पत्र लिखा जा रहा है। इसके साथ ही इस बैठक में वोटिंग होगी। इस मामले की पूरी रिपोर्ट शासन को भेजी जा रही है। शासन का जो भी फैसला होगा उसके अनुसार ही कार्रवाई की जाएगी।