विधानसभा चुनाव की मतगणना के लिए पहली बार रामपुर जिले में अर्द्धसैनिक बल भी सुरक्षा और शांति व्यवस्था की कमान संभाल रहे हैं। इसके लिए तीन कंपनी बीएसएफ और एक कंपनी पीएसी बल के जवानों की ड्यूटी लगाई गई है। जिले के करीब 1500 पुलिस कर्मियों को भी मतगणना के दौरान सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए तैनात किया गया है। जिले को सात जोन और 21 सेक्टर में बांटा गया है। जोन की जिम्मेदारी सीओ और सेक्टर की जिम्मेदारी थाना प्रभारी व सब इंस्पेक्टर संभाल रहे हैं।
विधानसभा चुनावों में जिले की पांच विधानसभा सीटों पर 14 फरवरी को मतदान हुआ था। मतगणना चल रही है। इसके लिए पुलिस ने सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए तैयारी पूरी की है। एसपी अंकित मित्तल ने बताया कि मतगणना के दौरान मंडी समिति परिसर में 38 यातायात पुलिस कर्मी और 30 एलआईयू कर्मी तैनात किए गए हैं। यातायात पुलिस को वाहनों की पार्किंग और यातायात व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी दी गई है।
मतगणना के बाद विजयी जुलूस न निकले और किसी प्रकार का विवाद शांति व्यवस्था के लिए खतरा न बने इसके लिए भी पुलिस ने तैयारी कर ली है। एसपी अंकित मित्तल ने बताया कि जिले के 80 स्थानों को मतगणना के बाद शांति व्यवस्था के लिहाज से संवेदनशील श्रेणी में चिह्नित किया गया है। इन स्थानों पर पुलिस पिकेट तैनात रहेगी।
विधानसभा चुनाव की मतगणना के लिए पुलिस ने ट्रैफिक प्लान भी तैयार कर लिया है। मंडी समिति के आसपास से गुजरने वाले सात संपर्क मार्गों पर पुलिस की बैरिकेडिंग है। इसके साथ ही अलग-अलग श्रेणी के लोगों को मंडी समिति के तीन प्रवेश द्वारों से प्रवेश की व्यवस्था की गई है, जबकि पार्किंग स्थल भी तय कर दिए गए हैं।
मतगणना स्थल की सुरक्षा के लिए तीन चक्र बनाए गए हैं, जिसमें बाहरी चक्र पर बैरियर होंगे। जो कि मतगणना स्थल से करीब सौ मीटर की दूरी पर बनाए गए हैं। इसके बाद मंडी समिति के प्रवेश द्वार और जिस स्थान पर मतगणना होगी उसे आइसोलेशन क्षेत्र के रूप में रखा गया है।