टांडा। नौ माह के मासूम अब्दुल रहमान की उपचार के दौरान मौत के मामले में स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार देर शाम कार्रवाई करते हुए ग्राम बादली स्थित संत वेदांता अस्पताल को सील कर दिया। इलाज में लापरवाही के आरोपों के बीच सीएचसी प्रभारी के नेतृत्व में पहुंची टीम ने अस्पताल का निरीक्षण किया और उसे सील कर जांच शुरू कर दी।
ग्राम लांबाखेड़ा निवासी मजदूर इकबाल के नौ माह के पुत्र अब्दुल रहमान की मंगलवार सुबह उपचार के दौरान मौत हो गई थी। परिजनों का आरोप था कि सोमवार शाम से बच्चे को ब्लड चढ़ाया जा रहा था, जिसके बाद उसकी हालत बिगड़ गई और मंगलवार सुबह उसने दम तोड़ दिया। घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा करते हुए चिकित्सकीय लापरवाही का आरोप लगाया था। सूचना पर पुलिस ने पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था।
घटना के बाद मंगलवार देर शाम सीएचसी प्रभारी डॉ. सतपाल सिंह के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम, जिसमें राजेंद्र सिंह और आजम भी शामिल थे, अस्पताल पहुंची। टीम ने अस्पताल के अभिलेखों और व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने के बाद अस्पताल को सील कर दिया। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि मामले की विस्तृत जांच की जा रही है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उधर, बच्चे की मौत के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। सात वर्ष की मन्नतों के बाद जन्मे इकलौते बेटे की मौत से परिजन गहरे सदमे में हैं।
सीएचसी प्रभारी डॉ. सतपाल सिंह ने बताया कि बच्चे की मौत के मामले को गंभीरता से लिया गया है। अस्पताल को सील कर दिया गया है और पूरे प्रकरण की जांच कराई जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।