रामपुर। तीन से लापता विवाहिता का शव एक ढाबे की पीछे मिलने से गुरुवार को सनसनी फैल गई। ससुराल वालों ने बुधवार को महिला व उसके पति की गुमशुदी दर्ज कराई थी। मृतका के गले पर निशान मिले हैं, जिससे आशंका है कि गला घोटकर उसकी हत्या की गई है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं पुलिस ने मृतका के पिता की तहरीर पर पति समेत ससुराल पक्ष के छह लोगों पर दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज किया। इसके साथ ही आरोपी पति को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है।
गुरुवार सुबह कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि स्वार-बाजपुर मार्ग स्थित गांव मानपुर के नजदीक सिंह बंद पड़े टूरिस्ट पंजाबी ढाबा के पीछे एक महिला का शव पड़ा है, जिसमें से दुर्गंध उठ रही है। सूचना पाकर कोतवाल आरएस बघेल व मसवासी चौकी इंचार्ज उदय वीर सिंह मौके पर पहुंचे और भीड़ को दूर हटाया।
शिनाख्त में पता चला कि मृतक महिला का नाम दीक्षा शर्मा है जो कि स्वार के वार्ड पांच निवासी सुमित शर्मा की पत्नी है। दीक्षा व उसके पति सुमित के तीन दिन पूर्व लापता होने की बात कहते हुए बुधवार को गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने दीक्षा शर्मा के मायके वालों को उसके शव मिलने की सूचना दी। सूचना पर परिजनों सहित काफी लोग कोतवाली पहुंच गए।
दीक्षा के पितागांव जादोपुर, थाना शहजाद नगर निवासी महेंद्र शर्मा ने बताया कि उन्होंने 20 अक्तूबर 2019 को अपनी बेटी की शादी सुमित के साथ की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही दीक्षा के ससुराल पक्ष के लोग दहेज की मांग कर रहे थे। कुछ दिन पूर्व दीक्षा के भाई ने अपनी बहन के ससुरालियों को एक लाख रुपये दिए भी थे। लेकिन ससुराल वाले दहेज में कार व नकद रुपयों की मांग कर रहे थे। दहेज की मांग पूरी न होने पर ही ससुरालियों ने दीक्षा की हत्या कर दी।
पुलिस ने महेंद्र शर्मा की तहरीर पर पति सुमित शर्मा, ससुर शंकर शर्मा, जेठ शिवम, ननद श्रुति, सास रानी और जेठानी प्रीति के खिलाफ आईपीसी की धारा 498ए, 304बी, 201, दहेज प्रतिबंध अधिनियम की धारा 3, 4 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। इसके साथ ही आरोपी पति को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है। वहीं, अन्य आरोपी घर छोड़ कर फरार हो गए हैं।
मृतका के पिता की ओर से आई तहरीर पर पति सहित ससुराल पक्ष के छह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। आरोपी पति को भी गिरफ्तार कर लिया गया है।
-धर्म सिंह मार्छल, सीओ स्वार
भागने की फिराक में था पति
कोतवाली पुलिस के अनुसार, दीक्षा का शव मिलने के बाद उसका पति बाइक लेकर भागने की फिराक में था। जैसे ही पुलिस को सूचना मिली तो आरोपी पति को बाइक व कपड़ों से भरे बैग सहित दबोच लिया। वहीं, पुलिस ने नामजद अन्य परिजनों की तलाश में घर पर दबिश दी, लेकिन घर पर कोई आरोपी नहीं मिला।
मायके वाले को भटका रहे थे ससुराल वाले
दीक्षा के भाई पंकज शर्मा के अनुसार, दीक्षा के ससुराल वालों ने उसकी बहन व बहनोई के लापता होने की सूचना दी थी। इस सूचना के बाद से वह काफी परेशान थे। सुमित शर्मा के परिजन दोनों के नैनीताल, रामनगर, गिर्जिया होने की बात कहते हुए उन्हें इधर-उधर ढूंढने के बहाना कर उन्हें भटकाते रहे। गुरुवार को बहन की लाश ढाबे के पीछे मिली। ससुराल वालों ने ही दीक्षा की हत्या कर लाश यहां फेंक दी है।
तीन दिन पूर्व दर्ज करा दी गई थी गुमशुदगी
ससुराल वालों ने तीन दिन पूर्व दीक्षा व सुमित के घर से लापता होने सूचना देेकर दोनों की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। उनका कहना था कि दीक्षा व सुमित डॉक्टर से दवाई लेने गए थे, लेकिन वापस नहीं लौटे। यही बात दीक्षा के मायके वालों को भी बताई गई। गुरुवार को दीक्षा का शव मिलने के बाद सुमित भागने की फिराक में था, तभी सूचना पाकर पुलिस उसे दबोचकर थाने ले आई। उससे सख्ती से पूछताछ की गई तो वह बार-बार बयान बदलकर पुलिस को उलझाता रहा। पुलिस का मानना है कि गुमशुदगी की सूचना देने से पहले ही दीक्षा की हत्या कर दी गई होगी, क्योंकि शव की स्थिति से भी ऐसा ही प्रतीत हो रहा है। दीक्षा के गले पर निशान मिले हैं, जिससे आशंका है कि गला घोटकर उसकी हत्या की गई है।
चरित्र पर शक करता था पति
मोहल्ले वासियों के अनुसार सुमित शर्मा का पिता शंकर शर्मा किराने का काम करता है। लगभग छह माह पूर्व परिजनों ने सुमित और दीक्षा को घर से अलग कर सुमित को एक पिकअप दिलवा दी थी। सुमित पिकअप चलाकर परिवार को गुजारा करने लगा। आये दिन पति पत्नी में झगड़ा होता था, क्योंकि सुमित अपनी पत्नी के चरित्र पर शक कर मारपीट करता था। तो वहीं दीक्षा के परिजनों ने भी सुमित पर किसी अन्य महिला से संबंध होने का आरोप लगाया है।