भाकियू की प्रदेश कार्यकारिणी ने जिलाध्यक्ष गुरविंदर सिंह पन्नू को हटाकर जिले की कमान मंडल उपाध्यक्ष हसीब अहमद को सौंप दी। प्रदेशाध्यक्ष ने पन्नू को प्रदेश सचिव बनाने की घोषणा की है। हसीब के मनोनयन के साथ ही गुरविंदर पन्नू ने बगावती सुर छेड़ दिए हैं। जिलाध्यक्ष पद से हटाए गए गुरविंदर सिंह पन्नू ने कहा कि वह किसी भी हालत में हसीब अहमद को जिलाध्यक्ष स्वीकार नहीं करेंगे। वह अभी भी जिलाध्यक्ष हैं। वह राष्ट्रीय कार्यकारिणी के ही फैसला मानेंगे। वहीं मंडल सचिव परशुराम शर्मा ने भी हसीब अहमद को जिलाध्यक्ष मानने से इनकार कर दिया। उनका कहना था कि हाईकमान से इसकी शिकायत करेंगे।
जिले में भाकियू दो गुटों में बंट गई है। विरोधी गुट गुरविंद सिंह को जिलाध्यक्ष बनाने का विरोध कर रहा था। पिछले साल हरिद्वार पंचायत में भी गुरविंदर सिंह पन्नू को जिलाध्यक्ष पद से हटाने की मांग उठी थी। लखनऊ पंचायत में भी जिलाध्यक्ष का मामला उठा। पंचायत में अधिकतर कार्यकर्ताओं ने हसीब अहमद को जिलाध्यक्ष बनाने का प्रस्ताव रखा। ज्यादा समर्थन जुटने पर प्रदेशाध्यक्ष राजवीर सिंह जादौन, बरेली- मुरादाबाद मंडल प्रभारी बिजेंद्र यादव और मंडलाध्यक्ष आनंद सिंह ने कार्यकर्ताओं का प्रस्ताव स्वीकार कर लिया। बरेली और मुरादाबाद मंडल प्रभारी बिजेंद्र यादव ने हसीब अहमद से गुटबाजी दूर कर सभी को साथ लेकर चलने की हिदायत दी।
प्रदेश अध्यक्ष ने लखनऊ पंचायत में ही गुरविंदर सिंह पन्नू को जिलाध्यक्ष पद से हटाकर हसीब अहमद को नया जिलाध्यक्ष बनाने की घोषणा कर दी। जबकि, गुरविंदर सिंह पन्नू को प्रदेश सचिव बना दिया। मंडल प्रभारी बिजेंद्र सिंह को शुक्रवार को मनोनयन पत्र लेकर यहां भेजा। पंचायत में मंडल प्रभारी ने हसीब अहमद को मनोनयन पत्र सौैंपा।