रामपुर। नगर पालिका की ओर से सड़क, नाली-नाले निर्माण के लिए दस करोड़ के प्रस्ताव तैयार किए थे। इन प्रस्तावों की टेंडर प्रक्रिया लोकसभा उपचुनाव की आचार संहिता में फंस गई थी। अब उपचुनाव के परिणाम घोषित हो गए हैं और मंगलवार से आचार संहिता भी हट जाएगी। इसके बाद इन निर्माण कार्यों के टेंडर होने व शुरू होने की उम्मीद है।
शहर के जर्जर सड़कों के निर्माण और कच्ची गलियों के निर्माण के लिए नगर पालिका की ओर से प्रस्ताव तैयार किए गए थे। इनमें सड़कों और नालियों के करीब सौ कार्यों के प्रस्ताव शामिल थे। जिन प्रस्तावों को नगर पालिका बोर्ड की बैठक में मंजूरी मिल चुकी है। इन कार्यों की लागत करीब दस करोड़ रुपये है। लिहाजा, नगर पालिका की ओर से इन प्रस्तावों के टेंडर आंमत्रित किए गए। किंतु, इस बीच लोकसभा उपचुनाव का एलान हो गया, जिसकी वजह से विकास कार्यों के प्रस्ताव फंस गए। करीब एक माह के बाद अब मंगलवार को आचार संहिता हट जाएगी, जिसके बाद रामपुर के विकास पर लगा आचार संहिता का ब्रेक दूर हो सकेगा। इसके साथ ही नगर पालिका की ओर से टेंडर प्रक्रिया को फिर चालू करने की कवायद की जा रही है। अधिशासी अधिकारी डॉ. विवेकानंद गंगवार ने बताया कि मंगलवार को आचार संहिता समाप्त हो जाएगी। जिसके बाद टेंडर प्रक्रिया में फंसे कार्यों के टेंडर पूरे किए जाएंगे। आगामी 15 दिनों के भीतर ये प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। जिसके बाद सड़कों और नालियों का निर्माण शुरू हो जाएगा।