रायबरेली। दिवाली के तीसरे दिन रविवार को अचानक मौसम का मिजाज बदल गया। आसमान में धुंध छाने के साथ धूप नरम हुई तो सर्दी का अहसास बढ़ गई। इससे लोगों को गर्म कपड़ों का सहारा लेना पड़ा।
मौसम बदलने से किसानों में बचैनी बढ़ गई है। धुंध छाने को लेकर लोग कयास लगा रहे हैं कि कहीं ये आसपास के जनपदों में पराली जलाने की वजह से प्रदूषण तो नहीं है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों के मुताबिक कि यह धुंध प्रदूषण नहीं, बल्कि बदली है।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से मिले आंकड़ों के हिसाब से इस बार दिवाली में कम पटाखे फोड़े गए, लेकिन दिवाली के तीसरे दिन ही मौसम बदल गया। सुबह से आसमान पर धुंध छा गई।
इसके साथ ही ठिठुरन भी बढ़ी। मौसम बदलने से किसान परेशान है। क्योंकि इस समय धान की कटाई और पिटाई चल रही है। यदि बारिश हो गई तो किसानों को बहुत नुकसान होगा।
दिनभर जिले भर में धुंध छायी रही। दिन भर लोगों में इस बात की चर्चा रही कि लखनऊ समेत आसपास के जनपदों में पराली जलाने को लेकर यहां पर प्रदूषण बढ़ रहा है।
सोशल मीडिया में जिले का एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 293 का मैसेज वायरल हो रहा है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी प्रदीप कुमार विश्वकर्मा ने बताया कि मौसम बदलने के कारण धुंध नहीं, धूप निकलने पर यह साफ हो जाएगा।