रायबरेली। जल्द ही लखनऊ-प्रयागराज के बीच सभी ट्रेनें इलेक्ट्रिक इंजन के साथ फर्राटा भर सकेंगी। लखनऊ से प्रयागराज के बीच अधूरे रायबरेली-ऊंचाहार रेल खंड का विद्युतीकरण कार्य पूरा कर लिया गया है।
कार्यदायी संस्था रेल विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) ने शुक्रवार को ट्रायल भी लिया और इलेक्ट्रिक इंजन को 100 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ाया, ताकि छोटी-छोटी खामियों का पता लगाकर उन्हें दूर कराया जा सके। आरवीएनएल का दावा है कि ट्रायल सफल रहा। जल्दही मुख्य रेल संरक्षा आयुक्त का निरीक्षण होने की संभावना है, ताकि रेल खंड पर कराए गए विद्युतीकरण कार्य को हरी झंडी मिल सके।
लखनऊ से प्रयागराज के बीच करीब 38 किमी. रेल लाइन का विद्युतीकरण नहीं था। ऐसे में ट्रेनों का संचालन डीजल इंजन से हो रहा था। ऊंचाहार से रायबरेली के बीच छूटे हिस्से का विद्युतीकरण कार्य काफी समय से चल रहा था। यह काम अब पूरा हो गया है। रायबरेली-ऊंचाहार रेल खंड पर किए गए विद्युतीकरण कार्य पर पहली बार इलेक्ट्रिक इंजन दौड़ाकर ट्रायल लिया गया। इस दौरान आरवीएनएल की पूरी टीम मुस्तैद रही। पहले इसे रायबरेली से ऊंचाहार की ओर दौड़ाया गया, फिर ऊंचाहार से रायबरेली वापस लाया गया। ट्रायल के लिए आए इलेक्ट्रिक इंजन को रेल विकास निगम लिमिटेड के प्रबंधक जगन्नाथ मिश्र ने हरी झंडी दिखाई।
रायबरेली रेलवे स्टेशन से सुबह 11.50 बजे इलेक्ट्रिक इंजन दौड़ाया गया, जो दोपहर 12.26 बजे ऊंचाहार पहुंचा। 36 मिनट का समय लगा। इसी तरह ऊंचाहार से दोपहर 12.43 बजे इलेक्ट्रिक इंजन दौड़ा और दोपहर 1.15 बजे रायबरेली स्टेशन पहुंच गया। इलेक्ट्रिक इंजन को लोको पायलट सचिन कुमार श्रीवास्तव और सहायक पायलट एमपी द्विवेदी ने दौड़ाया। इस मौके पर आरवीएनएल के अधिकारी केके वर्मा, रामराज यादव, सीपी वर्मा, शशांक यादव, मधुर गोयल, अनुभव जैन, कफील अख्तर रिजवी, मनोज पांडेय, लवी सक्सेना, शांति तिवारी आदि उपस्थित रहे।
अगले हफ्ते आ सकते हैं सीसीआरएस
रायबरेली-ऊंचाहार रेल लाइन का विद्युतीकरण पूरा हो चुका है। इलेक्ट्रिक लोको का ट्रायल भी सफलतापूर्वक हो गया है। आगामी सप्ताह मुख्य रेल संरक्षा आयुक्त का निरीक्षण प्रस्तावित है। सीसीआरएस के निरीक्षण के बाद इस रेल खंड के विद्युतीकरण को अनुमति मिलने की उम्मीद है। इसके बाद लखनऊ से प्रयागराज तक इलेक्ट्रिक लोको से ट्रेनों का संचालन प्रारंभ हो सकेगा।
-जगन्नाथ मिश्रा, प्रबंधक, आरवीएनएल लखनऊ
जिले की रेल लाइनों का हो चुका है विद्युतीकरण
रायबरेली-ऊंचाहार रेल खंड के विद्युतीकरण के साथ ही जिले की रेल लाइनें इलेक्ट्रिक हो गई हैं। इसलिए जिले से होकर गुजरने वाले सभी रेल मार्गों पर इलेक्ट्रिक इंजन से दौड़ने लगेंगी। इस जिले में लखनऊ-प्रयागराज, लखनऊ-वाराणसी और कानपुर-प्रयागराज रेल मार्ग हैं। दूसरी तरफ गंगागंज-रायबरेली-जायस के बीच दोहरीकरण का कार्य भी जल्द पूरा होने की उम्मीद है।